ईरान ने अमेरिका और इसराइल को दी खुली चेतावनी, कुवैत पर मिसाइल दागने के बाद पूरे खाड़ी देश में मची अफरातफरी

Praggya Singh sabal2 June 20262 min read0 viewsKuwait

ईरान के विदेश मंत्रालय ने अमेरिका और इसराइल पर सभी मोर्चों पर संघर्षविराम का उल्लंघन करने का बड़ा आरोप लगाया है। दोनों देशों के बीच पाकिस्तान की मध्यस्थता से 8 अप्रैल 2026 को हुआ समझौता अब खतरे में नजर आ रहा है। इस तनाव के कारण ईरान ने सोमवार, 1 जून 2026 को अमेरिका के साथ होने वाली बातचीत को भी सस्पेंड कर दिया है। वीकेंड पर हुई सैन्य कार्रवाइयों और कुवैत पर मिसाइल दागे जाने की घटना से खाड़ी देशों में रहने वाले लोगों के बीच चिंता काफी बढ़ गई है।

ईरान और अमेरिका के बीच समझौता टूटने की कगार पर क्यों पहुंचा?

ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराघची ने साफ तौर पर कहा है कि किसी भी एक मोर्चे पर संघर्षविराम का उल्लंघन पूरे समझौते का उल्लंघन माना जाएगा। ईरान ने स्पष्ट किया है कि लेबनान में संघर्षविराम होना अमेरिका के साथ किसी भी समझौते की पहली और मुख्य शर्त है। ईरान के मुख्य वार्ताकार मोहम्मद बगेर गालिबफ ने कहा कि 13 अप्रैल से ईरानी बंदरगाहों पर अमेरिकी नौसेना की नाकाबंदी और लेबनान में इसराइली हमले इस बात का सबूत हैं कि अमेरिका समझौते का पालन नहीं कर रहा है।

कुवैत पर मिसाइल हमले और खाड़ी देशों पर इसका असर

इस पूरे विवाद का असर अब खाड़ी के अन्य देशों पर भी दिखने लगा है। अमेरिकी सेना द्वारा होर्मुज जलडमरूमध्य के पास ईरानी रडार और ड्रोन ठिकानों पर हमला किए जाने के बाद, ईरान ने जवाबी कार्रवाई में कुवैत पर मिसाइलें दागीं। इसके साथ ही इसराइली सेना ने लेबनान में पिछले कई दशकों का सबसे बड़ा जमीनी हमला किया है। इसराइली प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने बेरुत पर भी हमले के आदेश दिए हैं जिसके कारण बड़ी संख्या में आम लोग दक्षिणी बेरुत से पलायन कर रहे हैं। इस स्थिति ने खाड़ी में यात्रा करने वाले प्रवासियों की चिंता बढ़ा दी है।

Frequently Asked Questions (FAQs)

ईरान और अमेरिका के बीच संघर्षविराम समझौता कब हुआ था?

ईरान और अमेरिका के बीच पाकिस्तान की मध्यस्थता में 8 अप्रैल 2026 को संघर्षविराम समझौता हुआ था।

ईरान ने अमेरिका के साथ बातचीत क्यों सस्पेंड की है?

लेबनान में बढ़ते इसराइली हमलों और अमेरिकी सैन्य कार्रवाइयों के विरोध में ईरान ने 1 जून 2026 को अमेरिका के साथ बातचीत रोक दी है।

कुवैत पर मिसाइल हमला क्यों हुआ?

अमेरिकी सेना द्वारा होर्मुज जलडमरूमध्य के पास ईरानी ठिकानों पर हमले के विरोध में ईरान ने जवाबी कार्रवाई करते हुए कुवैत पर मिसाइलें दागीं।

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