ईरान और अमेरिका के बीच युद्ध जैसे हालात बन रहे हैं। ईरानी नौसेना कमांडर रियर एडमिरल शाहराम ईरानी ने खुलेआम धमकी दी है कि अमेरिकी युद्धपोत USS Abraham Lincoln उनके मिसाइल सिस्टम के निशाने पर है। दूसरी तरफ, ईरान की संसद के अध्यक्ष ने भी अमेरिकी सेना को जमीन पर आने की चुनौती दी है। इस तनाव का सीधा असर खाड़ी देशों और वहां रहने वाले प्रवासियों पर पड़ सकता है क्योंकि खाड़ी क्षेत्र में सुरक्षा व्यवस्था को बेहद सख्त कर दिया गया है।

ईरानी सेना और संसद की तरफ से क्या बयान आए?

ईरानी नौसेना के कमांडर ने साफ शब्दों में कहा है कि वे अमेरिकी सेना के उनकी रेंज में आने का इंतजार कर रहे हैं ताकि उन पर तटीय मिसाइलों से हमला किया जा सके। ईरानी संसद के अध्यक्ष मोहम्मद बागेर गालिबाफ ने आरोप लगाया कि अमेरिका दुनिया के सामने शांति की बात करता है लेकिन गुप्त रूप से जमीनी हमले की योजना बना रहा है। उन्होंने चेतावनी दी कि अगर अमेरिकी सेना जमीन पर उतरती है, तो उन्हें भारी नुकसान उठाना पड़ेगा। इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) ने भी पड़ोसी देशों में चल रहे अमेरिकी विश्वविद्यालयों को सैन्य लक्ष्य बताते हुए लोगों को वहां से दूर रहने की सलाह दी है।

क्षेत्र में सुरक्षा की स्थिति और मुख्य घटनाक्रम

पिछले कुछ दिनों में खाड़ी क्षेत्र में सैन्य गतिविधियां काफी बढ़ गई हैं। इस तनाव के बीच सऊदी अरब, तुर्की, मिस्र और पाकिस्तान के विदेश मंत्री स्थिति पर चर्चा करने के लिए बैठक कर रहे हैं। हालिया घटनाओं का ब्यौरा नीचे दिया गया है:

क्षेत्र/इकाई महत्वपूर्ण अपडेट
संयुक्त अरब अमीरात (UAE) ईरान से दागी गई 16 बैलिस्टिक मिसाइल और 42 ड्रोन को रास्ते में रोका
अमेरिकी सेना USS Tripoli और 3,500 अतिरिक्त सैनिकों की मिडिल ईस्ट में तैनाती हुई
ओमान अपने क्षेत्र में होने वाले हमलों और सुरक्षा उल्लंघन की कड़ी निंदा की
इजरायल (IDF) तेहरान में मिसाइल और एयर डिफेंस साइटों पर हवाई हमले पूरे करने का दावा किया

अमेरिका और व्हाइट हाउस का इस पर क्या रुख है?

पेंटागन अब ईरान में संभावित जमीनी कार्रवाई के लिए हफ्तों का प्लान तैयार कर रहा है। इसमें इन्फैंट्री और स्पेशल ऑपरेशन मिशन शामिल हो सकते हैं। व्हाइट हाउस की प्रेस सचिव कैरोलिन लेविट ने कहा कि राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ईरान की धमकियों को रोकने के लिए कड़े कदम उठाने को तैयार हैं। हालांकि, अभी तक ग्राउंड ऑपरेशन शुरू करने का कोई औपचारिक फैसला नहीं लिया गया है, लेकिन अमेरिकी सेना पूरी तरह अलर्ट पर है। ईरान के रक्षा परिषद ने यह भी कहा है कि अगर उनके तटों या द्वीपों पर हमला हुआ तो वे खाड़ी में समुद्री सुरंगें बिछा देंगे।

Aanya

Aanya is Ex IndiaTV Journalist. She covers Expats oriented news, views and interviews With deep understanding of what Hindi Speaking people needs as updates in daily life to avoid fines, comply rules and stay updated.