ईरान और अमेरिका के बीच परमाणु कार्यक्रम को लेकर बातचीत की संभावनाएं फिर से बढ़ती दिख रही हैं। एक वरिष्ठ ईरानी राजनयिक ने बताया है कि अगर वॉशिंगटन एक संभावित समझौते (MOU) के तहत अपनी प्रतिबद्धताओं को पूरा करता है, तो ईरान अमेरिका के साथ अपने परमाणु कार्यक्रम पर चर्चा करने के लिए तैयार है। इस बीच, अमेरिका के विदेश मंत्री मार्को रुबियो ने भी बातचीत में काफी प्रगति होने का दावा किया है। हालांकि, ईरान के भीतर से ही इस मुद्दे पर अलग-अलग बयान भी सामने आ रहे हैं।

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ईरान ने बातचीत के लिए क्या शर्तें रखी हैं?

ईरान के एक वरिष्ठ राजनयिक ने अर्ध-सरकारी समाचार एजेंसी ISNA को बताया कि ईरान अत्यधिक संवर्धित यूरेनियम सहित अपने परमाणु कार्यक्रम पर अमेरिका के साथ चर्चा करने के लिए तैयार है। लेकिन इसके लिए अमेरिका को प्रस्तावित समझौता ज्ञापन (MOU) के तहत अपनी शर्तों को पूरा करना होगा। इसके तहत 60 दिनों की बातचीत का प्रस्ताव रखा गया है, जिसके बदले में ईरान पर लगे प्रतिबंधों को हटाने और उसकी विदेशी संपत्तियों को जारी करने की मांग की गई है। हालांकि, ईरान के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता इस्माइल बघाई ने स्पष्ट किया है कि फिलहाल उनका ध्यान युद्ध खत्म करने पर है और परमाणु मुद्दों पर अभी सीधी बातचीत नहीं हो रही है।

अमेरिकी सरकार का इस मामले पर क्या कहना है?

अमेरिका के विदेश मंत्री मार्को रुबियो ने 25 मई 2026 को कहा कि इस बातचीत में काफी प्रगति हुई है। उन्होंने कहा कि हॉर्मुज जलडमरूमध्य को फिर से खोलने और परमाणु मामलों पर सीमित समय की बातचीत का प्रस्ताव मेज पर है। दूसरी तरफ, राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने बातचीत आगे बढ़ने की बात स्वीकार करते हुए अपने अधिकारियों को जल्दबाजी न करने की सलाह दी है। ट्रम्प ने स्पष्ट किया है कि जब तक कोई अंतिम समझौता नहीं हो जाता और उस पर हस्ताक्षर नहीं हो जाते, तब तक ईरान पर प्रतिबंध और नाकाबंदी लागू रहेगी।

इस संभावित समझौते पर क्या हैं बड़े विवाद?

इस संभावित समझौते को लेकर दोनों पक्षों में अभी भी गहरे मतभेद बने हुए हैं। इसराइल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने इस समझौते पर कड़ा ऐतराज जताया है। उन्होंने साफ कहा है कि किसी भी अंतिम समझौते के तहत ईरान के परमाणु संवर्धन केंद्रों को पूरी तरह से नष्ट किया जाना चाहिए और वहां मौजूद परमाणु सामग्री को देश से बाहर किया जाना चाहिए। इसराइल ने अपनी सुरक्षा के लिए हर कदम उठाने की बात भी दोहराई है।

Frequently Asked Questions (FAQs)

क्या ईरान और अमेरिका के बीच परमाणु समझौते पर सहमति बन गई है?

नहीं, अभी केवल बातचीत की संभावनाएं बनी हैं। अमेरिका ने कहा है कि बातचीत में प्रगति हुई है, लेकिन राष्ट्रपति ट्रम्प ने जल्दबाजी न करने की सलाह दी है और अंतिम हस्ताक्षर तक प्रतिबंध जारी रखने की बात कही है।

इस संभावित समझौते में कौन सी मुख्य शर्तें शामिल हैं?

प्रस्तावित समझौते के तहत सभी मोर्चों पर लड़ाई बंद करने, हॉर्मुज जलडमरूमध्य को खोलने और बातचीत के दौरान ईरान के तेल पर लगे प्रतिबंधों में ढील देने की बात शामिल है।