ईरान और अमेरिका के बीच परमाणु समझौते और प्रतिबंधों को लेकर एक बार फिर तनाव बढ़ गया है। ईरान के विदेश मंत्रालय ने कहा है कि अमेरिका इस मामले को सुलझाने के लिए बिल्कुल भी गंभीर नहीं है। इस विवाद के बीच दोनों देशों के बीच बातचीत के प्रयास तो चल रहे हैं, लेकिन आपसी अविश्वास बहुत बढ़ गया है।

ईरान के विदेश मंत्रालय ने अमेरिका को लेकर क्या कहा?

ईरान के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता Esmail Baghaei ने 1 मई 2026 को बताया कि अमेरिका परमाणु मुद्दे और प्रतिबंधों पर कोई गंभीर नजरिया नहीं रखता है। उन्होंने कहा कि वॉशिंगटन अपनी पुरानी गलतियों से कुछ नहीं सीखा है, जिसकी वजह से दोनों देशों के रिश्तों में शक और अविश्वास बढ़ गया है। Baghaei ने यह भी साफ किया कि अमेरिका बातचीत के दौरान बहुत ज्यादा छूट मांगता है। साथ ही उन्होंने कहा कि अमेरिका द्वारा लगाए गए नए प्रतिबंध बातचीत की प्रक्रिया के खिलाफ हैं।

ईरान के सुप्रीम लीडर और अमेरिकी नेताओं के कड़े बयान

ईरान के सुप्रीम लीडर Ayatollah Mojtaba Khamenei ने कहा कि ईरान अपनी परमाणु और मिसाइल तकनीक की पूरी ताकत से रक्षा करेगा। उन्होंने इन तकनीकों को राष्ट्रीय संपत्ति बताया और कहा कि विदेशी ताकतों को क्षेत्र से बाहर निकाला जाएगा। दूसरी तरफ, अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति Donald Trump ने कहा कि अगर ईरान के पास परमाणु हथियार आए, तो वह उनका इस्तेमाल जरूर करेगा, इसलिए इसे रोकने के लिए दुनिया को मिलकर सख्त कदम उठाने होंगे।

बातचीत की स्थिति और खर्च का हिसाब

ईरान के विदेश मंत्री Seyed Abbas Araghchi ने दावा किया कि इस मौजूदा संघर्ष में अमेरिका का खर्च 100 अरब डॉलर से ज्यादा हो गया है। उन्होंने कहा कि यह रकम अमेरिकी रक्षा अधिकारियों द्वारा बताए गए 25 अरब डॉलर से चार गुना ज्यादा है। वर्तमान में पाकिस्तान की मदद से दोनों देशों के बीच बातचीत चल रही है और ईरान ने अपना नया प्रस्ताव अमेरिका को भेजा है। वहीं, अमेरिका की CENTCOM टीम ईरान पर फिर से हमले करने की योजना बना रही है, जिसकी जानकारी राष्ट्रपति ट्रंप को दी गई है।

Frequently Asked Questions (FAQs)

ईरान और अमेरिका के बीच बातचीत कहां हो रही है?

इस बातचीत में पाकिस्तान मध्यस्थ की भूमिका निभा रहा है। दोनों देशों के प्रतिनिधि इस्लामाबाद में मिले थे और ईरान ने अपना नया प्रस्ताव भी पाकिस्तान के जरिए ही अमेरिका तक पहुंचाया है।

ईरान के सुप्रीम लीडर ने परमाणु तकनीक पर क्या कहा?

सुप्रीम लीडर Ayatollah Mojtaba Khamenei ने कहा कि परमाणु और मिसाइल तकनीक ईरान की राष्ट्रीय संपत्ति है और वे इसकी रक्षा करेंगे।

Aanya

Aanya is Ex IndiaTV Journalist. She covers Expats oriented news, views and interviews With deep understanding of what Hindi Speaking people needs as updates in daily life to avoid fines, comply rules and stay updated.