अमेरिका और ईरान के अधिकारी शुक्रवार, 6 फरवरी को ओमान की राजधानी मस्कट में मिल रहे हैं। यह बैठक स्थानीय समयानुसार सुबह 10 बजे शुरू होने वाली है। दोनों देशों के बीच लंबे समय से चल रहे तनाव के बीच यह बातचीत काफी अहम मानी जा रही है। ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अरागची और अमेरिकी अधिकारी इस बैठक में शामिल होकर पुराने विवादों पर बात करेंगे।

किन मुद्दों पर होगी बातचीत?

इस बैठक के लिए दोनों देशों ने अपनी-अपनी शर्तें रखी हैं। ईरान चाहता है कि मस्कट में होने वाली यह बातचीत सिर्फ परमाणु मुद्दों (Nuclear Issues) तक ही सीमित रहे। ईरान ने साफ कर दिया है कि वह अपने बैलिस्टिक मिसाइल प्रोग्राम पर कोई समझौता नहीं करेगा और यह चर्चा का विषय नहीं है।

दूसरी तरफ अमेरिका का रुख थोड़ा सख्त है। अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो ने कहा है कि बातचीत में सिर्फ परमाणु मुद्दा नहीं, बल्कि अन्य जरूरी चीजें भी शामिल होनी चाहिए। अमेरिका इन मुद्दों पर जवाब चाहता है:

  • ईरान का बैलिस्टिक मिसाइल प्रोग्राम।
  • मध्य पूर्व में हथियारबंद समूहों को ईरान का समर्थन।
  • ईरान के अंदर आम लोगों के साथ सरकार का व्यवहार।

तनाव के बीच हो रही है यह बैठक

बुधवार को यह बातचीत लगभग रद्द होने की कगार पर थी क्योंकि जगह और तरीके को लेकर दोनों देशों में सहमति नहीं बन पा रही थी। हालांकि, अरब और मुस्लिम नेताओं ने ट्रंप प्रशासन से बातचीत जारी रखने की अपील की, जिसके बाद यह बैठक तय हो पाई। अमेरिका की तरफ से स्पेशल एनवॉय Steve Witkoff इस बातचीत में हिस्सा लेंगे।

बैठक से ठीक पहले अमेरिका ने क्षेत्र में अपनी सैन्य ताकत बढ़ाई है और एयरक्राफ्ट कैरियर तैनात किया है। राष्ट्रपति ट्रंप ने ईरान के सुप्रीम लीडर अयातुल्ला अली खामेनेई को चेतावनी भी दी थी। अब देखना यह है कि मस्कट में होने वाली इस बैठक से दोनों देशों के रिश्तों में कोई सुधार आता है या नहीं।

Praggya Singh sabal

Journalist from Noida. Covering Delhi, NCR and National Updates.