ईरान और अमेरिका के बीच तनाव के बीच अब बातचीत की नई उम्मीद जगी है. अमेरिका ने ईरान को एक नया प्रस्ताव भेजा है जिसे ईरान की सरकार अभी जांच रही है. इस पूरी बातचीत में पाकिस्तान एक बीच के रास्ते की तरह काम कर रहा है. दुनिया की नजरें अब इस बात पर हैं कि क्या दोनों देश किसी समझौते पर पहुंच पाएंगे.

अमेरिका के प्रस्ताव पर ईरान का क्या है कहना

ईरान के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता Esmaeil Baqaei ने बताया कि अमेरिका की तरफ से एक नया प्रस्ताव आया है. ईरान इस प्रस्ताव की जांच कर रहा है और अपना जवाब पाकिस्तान के जरिए भेजेगा. हालांकि, ईरान के संसद सदस्य Ebrahim Rezaei ने इस प्रस्ताव को सिर्फ एक इच्छा सूची बताया है. Tasnim न्यूज़ एजेंसी के मुताबिक इस ड्राफ्ट में कुछ ऐसी बातें हैं जो ईरान को मंजूर नहीं हैं.

Strait of Hormuz और अमेरिका की धमकी

ईरानी रिवोल्यूशनरी गार्ड ने कहा कि Strait of Hormuz से जहाजों का आना-जाना तब सुरक्षित होगा जब हमलावरों की धमकी खत्म होगी और नए नियमों का पालन होगा. अमेरिकी राष्ट्रपति Donald Trump ने “Project Freedom” नाम के सैन्य ऑपरेशन को कुछ समय के लिए रोक दिया है. ट्रंप ने कहा कि बातचीत में बड़ी तरक्की हुई है, लेकिन साथ ही चेतावनी भी दी कि अगर ईरान राजी नहीं हुआ तो बमबारी और तेज कर दी जाएगी.

चीन के साथ बैठक और अंतरराष्ट्रीय कानून

ईरान के विदेश मंत्री Abbas Araqchi ने चीन के विदेश मंत्री Wang Yi से बीजिंग में मुलाकात की. उन्होंने साफ किया कि ईरान सिर्फ एक निष्पक्ष और व्यापक समझौते को ही स्वीकार करेगा. इसी बीच ईरान ने International Court of Justice (ICJ) के 2011 के एक फैसले का जिक्र किया. इस नियम के मुताबिक किसी भी बातचीत के लिए दोनों पक्षों का नेक इरादा और ईमानदार कोशिश होना जरूरी है.

Frequently Asked Questions (FAQs)

ईरान और अमेरिका के बीच बातचीत कौन करवा रहा है?

पाकिस्तान इस बातचीत में मध्यस्थ की भूमिका निभा रहा है और अमेरिका का प्रस्ताव ईरान तक पहुँचाने व जवाब लेने का काम कर रहा है.

Strait of Hormuz को लेकर क्या अपडेट है?

IRGC ने कहा है कि नए नियमों के तहत वहां सुरक्षित रास्ता मिल सकता है, जबकि ट्रंप ने फिलहाल सैन्य ऑपरेशन रोक कर समझौते की उम्मीद जताई है.