ईरान के वरिष्ठ नेताओं ने सरकार को अमेरिका के साथ किसी भी तरह की बातचीत से पहले सावधानी बरतने की सलाह दी है। वरिष्ठ सांसद ने चेतावनी देते हुए कहा कि वाशिंगटन का इतिहास रहा है कि वह शांति वार्ता के दौरान भी ईरान पर हमले करता रहा है। इस बीच अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान के ऊर्जा ठिकानों पर होने वाले हमलों को फिलहाल पांच दिनों के लिए टालने का फैसला लिया है।

बातचीत की खबरों पर ईरान का जवाब

ईरान के संसद अध्यक्ष मोहम्मद बागेर गालबाफ ने अमेरिका के साथ किसी भी सीधी बातचीत की खबरों को पूरी तरह गलत करार दिया है। उन्होंने कहा कि राष्ट्रपति ट्रंप ऐसी खबरें फैलाकर केवल तेल की कीमतों और शेयर बाजार को प्रभावित करने की कोशिश कर रहे हैं। हालांकि ईरानी विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता इस्माइल बकाई ने पुष्टि की है कि बिचौलियों के जरिए अमेरिका से कुछ संदेश मिले हैं, लेकिन सीधी बातचीत अभी तक नहीं हुई है।

घटनाक्रम और मुख्य तारीखें

पिछले कुछ हफ्तों में ईरान और अमेरिका के बीच सैन्य तनाव काफी बढ़ गया है। ट्रंप ने ईरान को जलडमरूमध्य यानी Strait of Hormuz खोलने का अल्टीमेटम दिया था, जिसे अब पांच दिनों के लिए आगे बढ़ा दिया गया है। नीचे दी गई टेबल में पिछले कुछ दिनों की बड़ी घटनाओं की जानकारी दी गई है।

तारीख बड़ी घटना
6 फरवरी 2026 ओमान में ईरान और अमेरिका के बीच परोक्ष बातचीत हुई।
28 फरवरी 2026 अमेरिका और इजरायल के संयुक्त हमले शुरू हुए।
23 मार्च 2026 ईरानी सांसद ने कहा कि बातचीत का कोई मतलब नहीं है।
24 मार्च 2026 ट्रंप ने हमलों को 5 दिनों के लिए स्थगित किया।
24 मार्च 2026 संसद अध्यक्ष गालबाफ ने बातचीत की खबरों को नकारा।
24 मार्च 2026 तेल की कीमतों में गिरावट और शेयर बाजार में तेजी देखी गई।
25 मार्च 2026 इस्फ़हान और खुर्रमशहर के ऊर्जा ठिकानों पर हमले की खबर मिली।