ईरान और अमेरिका के बीच चल रहा युद्ध अब एक निर्णायक मोड़ पर है। ईरान ने अमेरिका के नए प्रस्तावों पर विचार करना शुरू कर दिया है, लेकिन राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने साफ कर दिया है कि अगर शर्तें नहीं मानी गईं तो बमबारी फिर से शुरू हो सकती है। पूरी दुनिया की नजरें अब होर्मुज जलडमरूमध्य पर टिकी हैं क्योंकि यहीं से वैश्विक तेल और गैस की सप्लाई जुड़ी है।
क्या होर्मुज जलडमरूमध्य फिर से खुलेगा और क्या है ताजा स्थिति
होर्मुज जलडमरूमध्य को चरणबद्ध तरीके से फिर से खोलने पर अमेरिका और ईरान के बीच सहमति बनी है। अल अरबिया की रिपोर्ट के मुताबिक, अमेरिकी नौसेना अब अपनी नाकाबंदी में ढील देगी जिससे फंसे हुए जहाजों को निकलने का रास्ता मिलेगा। हालांकि, तनाव अभी भी पूरी तरह खत्म नहीं हुआ है।
- अमेरिकी कार्रवाई: अमेरिकी सेना ने हाल ही में एक ईरानी तेल टैंकर पर कार्रवाई की जो नाकाबंदी तोड़ने की कोशिश कर रहा था।
- सुरंगों का खतरा: राष्ट्रपति ट्रंप ने चेतावनी दी कि अगर ईरान ने समुद्र में सुरंगें बिछाने की कोशिश की, तो अमेरिका बड़ी सैन्य कार्रवाई करेगा। उन्होंने बताया कि सेना ने 10 संदिग्ध सुरंग-बिछाने वाली नौकाओं को नष्ट कर दिया है।
- ईरान का रुख: ईरान की IRGC नेवी ने कहा है कि जलडमरूमध्य सुरक्षित आवाजाही के लिए तैयार है, लेकिन अमेरिका और इजराइल के लिए वहां नो एंट्री रहेगी।
शांति प्रस्तावों में अमेरिका और ईरान की क्या शर्तें हैं
युद्ध को रोकने के लिए दोनों देशों ने अलग-अलग प्रस्ताव पेश किए हैं। अमेरिका ने कथित तौर पर 9 सूत्रीय प्रस्ताव दिया था जिसमें 2 महीने का युद्धविराम शामिल था। वहीं, ईरान ने पाकिस्तान के जरिए अपना 14 सूत्रीय शांति प्रस्ताव भेजा है।
ईरान की मुख्य मांगों में नौसैनिक नाकाबंदी को हटाना, पश्चिम एशिया से अमेरिकी सेना की वापसी, आर्थिक प्रतिबंधों को खत्म करना और जब्त की गई संपत्तियों को लौटाना शामिल है। साथ ही ईरान ने युद्ध के दौरान हुए नुकसान के लिए मुआवजे की मांग भी की है। अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो ने दावा किया है कि ईरान के खिलाफ सैन्य अभियान एपिक फ्यूरी अपने लक्ष्य पूरे कर चुका है और अब समाप्त हो गया है।
प्रमुख अधिकारियों ने इस विवाद पर क्या बयान दिए
इस पूरे मामले पर दोनों देशों के बड़े अधिकारियों ने अपनी राय रखी है। अमेरिकी रक्षा सचिव पीट हेगसेथ ने स्पष्ट किया कि अमेरिका और ईरान के बीच युद्धविराम अभी भी लागू है और प्रोजेक्ट फ्रीडम केवल वाणिज्यिक जहाजों की रक्षा के लिए एक अस्थायी अभियान है।
ईरान के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता इस्माइल बगेई ने पुष्टि की कि वे अमेरिकी प्रस्तावों की समीक्षा कर रहे हैं, लेकिन उन्होंने पुराने प्रस्तावों को बेतुका बताकर खारिज कर दिया था। ईरान के उप विदेश मंत्री कासिम गरीबाबादी ने कहा कि अब गेंद अमेरिका के पाले में है और ईरान कूटनीति और टकराव दोनों के लिए तैयार है।
Frequently Asked Questions (FAQs)
क्या अमेरिका और ईरान के बीच युद्धविराम लागू है
अमेरिकी रक्षा सचिव पीट हेगसेथ के अनुसार युद्धविराम अभी भी लागू है। हालांकि, होर्मुज जलडमरूमध्य में हाल ही में गोलाबारी हुई है और अमेरिका ने प्रोजेक्ट फ्रीडम के जरिए जहाजों की सुरक्षा बढ़ा दी है।
ईरान ने शांति के लिए क्या मुख्य शर्तें रखी हैं
ईरान ने पाकिस्तान के जरिए 14 सूत्रीय प्रस्ताव भेजा है। इसमें नौसैनिक नाकाबंदी हटाने, आर्थिक प्रतिबंध खत्म करने, जब्त संपत्ति लौटाने और युद्ध के नुकसान के मुआवजे की मांग की गई है।