ईरान और अमेरिका के बीच तनाव बहुत बढ़ गया है। अमेरिका ने ईरान के बंदरगाहों की घेराबंदी कर दी है, जिससे राष्ट्रपति मसूद पेज़ेशकियन काफी नाराज हैं। उन्होंने साफ कर दिया है कि जब तक यह नाकाबंदी खत्म नहीं होती, अमेरिका के साथ कोई सीधी बात नहीं होगी। इस झगड़े से खाड़ी देशों की सुरक्षा और शांति पर बड़ा खतरा मंडरा रहा है।

ईरान ने बातचीत से क्यों किया इनकार?

  • राष्ट्रपति मसूद पेज़ेशकियन ने 26 अप्रैल 2026 को पाकिस्तानी प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ से फोन पर बात की।
  • उन्होंने स्पष्ट किया कि अमेरिका दबाव और धमकियों के जरिए कोई समझौता नहीं करवा सकता।
  • ईरान का मानना है कि अमेरिकी नौसेना की नाकाबंदी अंतरराष्ट्रीय कानून के खिलाफ है और इससे क्षेत्र में अस्थिरता बढ़ेगी।
  • राष्ट्रपति ने इसे वाशिंगटन की शत्रुतापूर्ण कार्रवाई बताया और कहा कि अमेरिका को अपनी गंभीरता दिखानी चाहिए।

अमेरिका का सख्त रुख और डोनाल्ड ट्रंप का फैसला

  • अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा कि नाकाबंदी तब तक जारी रहेगी जब तक परमाणु कार्यक्रम पर ठोस समझौता नहीं हो जाता।
  • ट्रंप ने इस कदम को एक शानदार रणनीति बताया और इसे पूरी तरह अचूक कहा।
  • यूएस सेंट्रल कमांड ने पुष्टि की है कि नाकाबंदी शुरू होने के बाद से 37 जहाजों को अपना रास्ता बदलना पड़ा है।
  • अमेरिका ने साफ किया कि जब तक परमाणु कार्यक्रम बंद नहीं होता और होर्मुज जलडमरूमध्य में नेविगेशन बहाल नहीं होता, वे पीछे नहीं हटेंगे।

ईरानी सेना की चेतावनी और जवाबी कार्रवाई की तैयारी

  • ईरान के खातम अल-अंबिया सेंट्रल हेडक्वार्टर ने कहा कि अगर नाकेबंदी और समुद्री लूटपाट जारी रही तो वे जवाबी कार्रवाई करेंगे।
  • सैन्य सलाहकार मोहसेन रेजाई ने चेतावनी दी कि खतरे की स्थिति में अमेरिकी युद्धपोतों को मिसाइलों से डुबाया जा सकता है।
  • IRGC की नौसेना ने भी होर्मुज जलडमरूमध्य में किसी भी आक्रामकता या सैन्य जहाजों के प्रवेश का करारा जवाब देने की बात कही है।

Frequently Asked Questions (FAQs)

अमेरिका ने ईरान की नाकाबंदी क्यों की है?

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के अनुसार, यह ईरान को परमाणु कार्यक्रम पर ठोस समझौता करने के लिए मजबूर करने की एक रणनीति है।

नाकाबंदी से समुद्री यातायात पर क्या असर पड़ा है?

यूएस सेंट्रल कमांड के मुताबिक नाकाबंदी के कारण अब तक 37 जहाजों को अपना रास्ता बदलना पड़ा है और ईरानी बंदरगाहों पर जहाजों की आवाजाही रोकी जा रही है।