ईरान ने हॉर्मुज जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) पर अपनी पूरी पकड़ और संप्रभुता बनाए रखने का कड़ा रुख अपनाया है। ईरान के उप विदेश मंत्री Kazem Gharibabadi ने 28 जुलाई 2026 को स्पष्ट किया कि देश इस महत्वपूर्ण समुद्री मार्ग पर अपने नियंत्रण के लिए किसी भी कार्रवाई से पीछे नहीं हटेगा। उन्होंने अमेरिका द्वारा दिए गए उन प्रस्तावों को सिरे से खारिज कर दिया है, जो ईरान के जमी हुए फंड को मुआवजे के रूप में देने की बात करते हैं।
ईरान की कड़ी चेतावनी
ईरान के Khatam al-Anbiya मुख्यालय के प्रवक्ता ब्रिगेडियर जनरल Ebrahim Zolfaqari ने चेतावनी दी कि यदि कोई देश या कंपनी अमेरिकी प्रस्ताव के तहत ईरान की संपत्ति से मुआवजा स्वीकार करती है, तो उसे इस जलमार्ग से गुजरने की अनुमति नहीं दी जाएगी। ईरान ने ओमान में हुई बातचीत के दौरान दक्षिण मार्ग को खुला रखने की अमेरिकी मांग को भी मानने से इनकार कर दिया है और केवल आधिकारिक शिपिंग लेन के इस्तेमाल पर जोर दिया है।
क्षेत्रीय तनाव और सुरक्षा की स्थिति
हाल ही में 27 जुलाई को ईरानी टीवी ने बताया कि अमेरिकी सेना के उकसावे पर 6 जहाजों ने एक असुरक्षित दक्षिणी मार्ग का उपयोग करने की कोशिश की, जिन्हें ईरानी सुरक्षा प्रबंधन द्वारा वापस मोड़ दिया गया। वहीं, ईरान के विदेश मंत्री Abbas Araghchi ने ओमान और सऊदी अरब के समकक्षों से फोन पर बात की और खाड़ी क्षेत्र में स्थिरता के लिए अमेरिका की आक्रामक नीतियों को जिम्मेदार ठहराया। ईरान ने यह भी स्पष्ट किया कि वह अमेरिका के साथ किसी भी बातचीत की कोशिश नहीं कर रहा है और न ही वह वॉशिंगटन को अपने फैसले लेने का मौका देगा।
