Iran War Update: पाकिस्तान में होगी शांति वार्ता, डोनाल्ड ट्रंप ने हमले 5 दिनों के लिए टाले
ईरान में चल रही जंग को खत्म करने के लिए पाकिस्तान में एक बड़ी कूटनीतिक हलचल शुरू हो गई है। पाकिस्तान के एक अधिकारी ने सोमवार 23 मार्च 2026 को जानकारी दी कि इस हफ्ते पाकिस्तान में शांति वार्ता आयोजित की जा सकती है। इस बैठक में ईरान, अमेरिका और मुमकिन तौर पर इजरायल के प्रतिनिधियों के शामिल होने की उम्मीद है। पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ ने खुद ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेजेशकियान से फोन पर बात की है और इलाके में शांति बनाए रखने के लिए हर मुमकिन मदद का भरोसा दिया है।
👉: Israel Iran Deal Update: Benjamin Netanyahu की ट्रंप से बातचीत, ईरान के साथ समझौते के मिले संकेत।
पाकिस्तान में होने वाली बैठक की अहम बातें क्या हैं?
पाकिस्तान इस समय मध्यस्थ की भूमिका निभा रहा है और उसने साफ़ किया है कि वह बातचीत की मेजबानी के लिए पूरी तरह तैयार है। इस मामले में अब तक कई बड़े कदम उठाए गए हैं:
- पाकिस्तान की भूमिका: पाकिस्तानी विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता ताहिर हुसैन अंद्राबी ने कहा कि अगर सभी पक्ष सहमत होते हैं तो इस्लामाबाद बातचीत के लिए तैयार है।
- डोनाल्ड ट्रंप का बयान: अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा कि पिछले दो दिनों में ईरान के साथ 15 सूत्रीय समझौते पर सकारात्मक बातचीत हुई है।
- हमलों पर रोक: बातचीत को मौका देने के लिए ट्रंप ने ईरान के ऊर्जा ठिकानों पर होने वाले हमलों को 5 दिनों के लिए टालने का फैसला किया है।
- प्रतिनिधि: ऐसी खबरें हैं कि अमेरिका की तरफ से उप-राष्ट्रपति जेडी वेंस पाकिस्तान में होने वाली वार्ता में शामिल हो सकते हैं।
शांति वार्ता में कौन-कौन से बड़े चेहरे शामिल हैं?
इस पूरी प्रक्रिया में कई देशों के नेता और अधिकारी पर्दे के पीछे से काम कर रहे हैं। इनके बीच हुई बातचीत का विवरण नीचे दी गई टेबल में देखा जा सकता है:
| नाम | भूमिका/पद | मुख्य अपडेट |
|---|---|---|
| शहबाज शरीफ | प्रधानमंत्री, पाकिस्तान | ईरानी राष्ट्रपति से बात की और शांति का वादा किया। |
| आसिम मुनीर | सेना प्रमुख, पाकिस्तान | डोनाल्ड ट्रंप से फोन पर बातचीत की। |
| डोनाल्ड ट्रंप | राष्ट्रपति, अमेरिका | 15 सूत्रीय समझौते पर चर्चा की और हमले टाले। |
| मसूद पेजेशकियान | राष्ट्रपति, ईरान | तनाव कम करने और कूटनीति पर सहमति जताई। |
हालांकि ईरान ने वाशिंगटन के साथ सीधे तौर पर किसी भी तरह की बातचीत से इनकार किया है। ईरान का कहना है कि उन्हें दोस्त देशों के जरिए अमेरिकी संदेश मिल रहे हैं। दूसरी तरफ इजरायली अधिकारियों का मानना है कि इस हफ्ते पाकिस्तान में बातचीत शुरू हो सकती है। तुर्की, मिस्र और पाकिस्तान जैसे देश संदेशों को एक जगह से दूसरी जगह पहुँचाने का काम कर रहे हैं। विशेषज्ञों का कहना है कि अभी यह बातचीत शुरुआती दौर में है और किसी बड़े नतीजे पर पहुँचने में समय लग सकता है।




