ईरान की इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) के एक बड़े कमांडर ने इसराइल को सीधी चेतावनी दी है. उन्होंने कहा कि अगर इसराइल की सेना दक्षिणी लेबनान से खुद बाहर नहीं निकली, तो उन्हें जबरन खदेड़ा जाएगा. यह बयान सोशल मीडिया के जरिए जारी किया गया है जिससे क्षेत्र में तनाव और बढ़ गया है.
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22 जून 2026 को IRGC कुड्स फोर्स के कमांडर ब्रिगेडियर जनरल Esmaeil Qa’ani ने यह चेतावनी दी. उन्होंने कहा कि अगर इसराइल ने अपनी हरकतें बंद नहीं कीं, तो उन्हें उसी तरह बाहर निकाला जाएगा जैसे साल 2000 में किया गया था. उन्होंने इसराइल पर युद्धविराम के समझौतों को तोड़ने और लेबनान के आम लोगों पर हमले करने का आरोप लगाया. जनरल का दावा है कि पिछले चार दिनों की लड़ाई में इसराइल के 100 जवान मारे गए हैं.
लेबनान और ईरान का कड़ा रुख
ईरान के साथ-साथ लेबनान के नेताओं ने भी कड़े बयान दिए हैं. 21 जून 2026 को लेबनान के सांसद Hassan Fadlallah ने साफ़ कहा कि Hezbollah अपने हथियार कभी नहीं डालेगा. उन्होंने बताया कि मैदान में उनकी ताकत ही दुश्मन को युद्धविराम के लिए मजबूर करती है. इससे पहले 14 जून को मेजर जनरल Ali Abdollahi ने भी चेतावनी दी थी कि ईरान की सेना दुश्मन के दिल पर हमला करने के लिए तैयार बैठी है.
अमेरिका और ईरान के बीच बातचीत
इसी बीच ईरान के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता Esmail Baqaei ने एक अपडेट दिया. उन्होंने बताया कि ईरान और अमेरिका होर्मुज जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) से जहाजों के सुरक्षित आने-जाने के लिए एक आपातकालीन सिस्टम पर सहमत हुए हैं. हालांकि, अमेरिका की तरफ से आ रही धमकियों की वजह से ईरान ने स्विट्जरलैंड में होने वाली चौतरफा मीटिंग में हिस्सा लेने से मना कर दिया है.
