ईरान की सेना इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) ने अमेरिका को एक बड़ी चेतावनी दी है। IRGC के प्रवक्ता अली मोहम्मद नैनी ने कहा है कि अगर ईरान के बैंकों पर हमले हुए, तो खाड़ी देशों में मौजूद अमेरिकी बैंक उनके सीधे निशाने पर होंगे। यह बयान बुधवार को तेहरान में बैंक सिपह के डिजिटल सुरक्षा केंद्र पर हुए मिसाइल हमले के बाद आया है। इस बढ़ते तनाव का सीधा असर दुबई, बहरीन और कतर जैसे देशों में काम करने वाले भारतीय और अन्य प्रवासियों पर पड़ सकता है।

ईरान की नई चेतावनी में क्या कहा गया है

शनिवार को ईरान के सरकारी मीडिया में दिए गए बयान के अनुसार, IRGC ने स्पष्ट कर दिया है कि खाड़ी क्षेत्र में काम कर रहे सभी अमेरिकी बैंक अब उनके लिए वैध लक्ष्य हैं।

  • ईरान का कहना है कि अगर दुश्मन ने उनकी नागरिक या बैंकिंग व्यवस्था पर हमला दोहराया, तो वो भी चुप नहीं बैठेंगे।
  • शनिवार 14 मार्च 2026 को दुबई और मनामा में मौजूद Citibank की शाखाओं पर ड्रोन हमले की रिपोर्ट भी सामने आई है।
  • हमले के निशाने पर सिर्फ बैंक ही नहीं बल्कि Amazon, Microsoft, Google जैसी बड़ी टेक कंपनियों के इन्फ्रास्ट्रक्चर भी हो सकते हैं जिनका इस्तेमाल सैन्य कार्यों के लिए होता है।

आम लोगों के लिए 1 किलोमीटर का नियम लागू

खाड़ी देशों में रह रहे आम लोगों और प्रवासियों की सुरक्षा के लिए ईरानी सैन्य कमान ने एक अलर्ट जारी किया है। इसे 1 किलोमीटर नियम का नाम दिया गया है।

  • नागरिकों को सलाह दी गई है कि वो अमेरिका या इजरायल से जुड़े किसी भी बैंक या आर्थिक केंद्र से कम से कम 1000 मीटर यानी 1 किलोमीटर दूर रहें।
  • यह चेतावनी विशेष रूप से उन प्रवासियों के लिए अहम है जो इन कमर्शियल इलाकों के आस-पास काम करते हैं या रहते हैं।
  • ईरान ने साफ किया है कि अब यह लड़ाई सिर्फ सेना तक सीमित नहीं है, बल्कि यह अब सीधे इन्फ्रास्ट्रक्चर वॉर में बदल चुकी है।

बैंकों ने सुरक्षा के लिए क्या कदम उठाए हैं

इस तनावपूर्ण माहौल को देखते हुए बड़े अंतरराष्ट्रीय बैंकों ने अपने कर्मचारियों की सुरक्षा के लिए अहम फैसले लिए हैं।

  • Citigroup और Standard Chartered जैसे बैंकों ने दुबई स्थित अपने दफ्तरों से कर्मचारियों को सुरक्षित स्थानों पर भेजना शुरू कर दिया है और रिमोट वर्क लागू किया है।
  • HSBC ने कतर में सुरक्षा कारणों से अपनी शाखाएं अस्थायी रूप से बंद कर दी हैं।
  • यूएई और बहरीन में हवाई सुरक्षा प्रणाली (Air Defense) को पूरी तरह से एक्टिव कर दिया गया है ताकि किसी भी संभावित हवाई हमले को रोका जा सके।
Nura Basta

Nura Basta is the Editor at GulfHindi.com and a journalism graduate from IIMC Delhi. With more than 7 years of professional experience, he has worked with leading media organizations including Aaj Tak (2018–2021) and Gulf News (2021–2025). His reporting and editorial work primarily focus on Gulf news, current affairs, and issues relevant to the Indian diaspora. At GulfHindi.com, he is committed to providing credible, well-researched, and impactful content for Hindi readers in the Gulf.