ईरान के कुद्स फोर्स के कमांडर ब्रिगेडियर जनरल इस्माइल काानी ने अमेरिका और इसराइल को गंभीर परिणाम भुगतने की सीधी चेतावनी दी है। ईरान ने साफ तौर पर कहा है कि अगर लेबनान और गाज़ा में इसराइली सैन्य हमले तुरंत नहीं रुके, तो इसका सीधा असर दुनिया के सबसे व्यस्त समुद्री व्यापारिक रास्तों पर पड़ेगा। इस बीच ईरान ने अमेरिका के साथ परोक्ष रूप से चल रही युद्ध विराम वार्ताओं को भी रोकने का फैसला किया है जिससे खाड़ी क्षेत्र में तनाव और बढ़ गया है।

समुद्री रास्तों और बातचीत को लेकर ईरान ने क्या चेतावनी दी है?

कुद्स फोर्स के कमांडर ब्रिगेडियर जनरल इस्माइल काानी ने अपने बयान में कहा है कि अमेरिका के समर्थन से इसराइल द्वारा लेबनान और गाज़ा में की जा रही सैन्य कार्रवाई के कारण अब ‘प्रतिरोध के धड़े’ यानी एक्सिस ऑफ रेजिस्टेंस का हौसला और मजबूत होगा। उन्होंने चेतावनी दी कि अगर यह हमला नहीं रुका तो बाब अल-मंडेब जलडमरूमध्य में समुद्री जहाजों की आवाजाही के हालात भी होर्मुज जलडमरूमध्य जैसे हो सकते हैं जिससे अंतरराष्ट्रीय व्यापार प्रभावित होगा।

इसके अलावा ईरान की संसद के अध्यक्ष मोहम्मद बागेर गालिबाफ ने भी चेतावनी दी है कि अगर लेबनान में इसराइली हमले जारी रहे, तो तेहरान अमेरिका के साथ चल रही बातचीत को पूरी तरह से निलंबित कर देगा और इसराइली शासन के खिलाफ खड़ा होगा।

युद्ध विराम वार्ता और अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप का बयान

ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराक्ची ने साफ शब्दों में कहा है कि किसी भी एक मोर्चे पर युद्ध विराम का उल्लंघन सभी मोर्चों पर उल्लंघन माना जाएगा। ईरान की समाचार एजेंसी तस्नीम के मुताबिक, ईरान ने मध्यस्थों के जरिए अमेरिका के साथ बातचीत के दस्तावेजों का आदान-प्रदान तब तक के लिए टाल दिया है जब तक इसराइल अपने सैन्य अभियान पूरी तरह बंद नहीं कर देता।

वहीं दूसरी तरफ, अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने इस विषय पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि उनकी इसराइली प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू के साथ बहुत ही सकारात्मक बातचीत हुई है। ट्रंप ने दावा किया कि बेरूत में कोई अमेरिकी सेना नहीं भेजी जाएगी और हिजबुल्लाह से जुड़े प्रतिनिधि हमले रोकने पर सहमत हो गए हैं, हालांकि अभी यह स्पष्ट नहीं है कि उनकी बातचीत किससे हुई थी।

लेबनान में इसराइली सेना की कार्रवाई और जमीनी हालात

जमीनी स्तर पर रिपोर्ट आ रही हैं कि इसराइली सेना पिछले दो दशकों में पहली बार लेबनान के काफी अंदर तक घुस गई है। इसराइली बलों ने बेरूत के दक्षिणी उपनगरीय इलाके दाहिये में नए हवाई हमले किए हैं और स्थानीय लोगों को वहां से हटने के आदेश दिए हैं। इन हमलों के बाद ईरान ने अपनी रणनीतिक स्थिति और सख्त कर ली है और तत्काल सेना वापसी की मांग की है।

Frequently Asked Questions (FAQs)

क्या ईरान ने अमेरिका के साथ शांति वार्ता रोक दी है?

हां, ईरान ने साफ किया है कि जब तक इसराइल लेबनान और गाज़ा में हमले पूरी तरह से बंद नहीं करता और सेना पीछे नहीं हटाता, तब तक अमेरिका के साथ मध्यस्थों के जरिए होने वाली बातचीत निलंबित रहेगी।

ईरान ने समुद्री रास्तों को लेकर क्या चेतावनी दी है?

ईरान के कुद्स फोर्स कमांडर ने चेतावनी दी है कि लेबनान और गाज़ा में सैन्य कार्रवाई जारी रहने पर बाब अल-मंडेब जलडमरूमध्य में भी समुद्री यातायात के हालात होर्मुज जलडमरूमध्य जैसे प्रभावित हो सकते हैं।