ईरान और अमेरिका के बीच तनाव एक बार फिर बहुत बढ़ गया है। अमेरिका द्वारा ईरान से जुड़े जहाजों को जब्त करने के बाद ईरान ने अब ‘बेमिसाल सैन्य कार्रवाई’ की चेतावनी दी है। इस टकराव के कारण समुद्र के रास्तों पर खतरा बढ़ गया है, जिससे पूरी दुनिया की नजरें अब इस इलाके पर टिकी हैं।

ईरान ने अमेरिका को क्या चेतावनी दी है और क्यों

ईरानी समाचार नेटवर्क Press TV ने एक वरिष्ठ सुरक्षा सूत्र के हवाले से बताया कि ईरान अब अमेरिका के खिलाफ बड़ी सैन्य कार्रवाई कर सकता है। यह गुस्सा इसलिए है क्योंकि अमेरिका लगातार ईरान से जुड़े जहाजों को पकड़ रहा है। ईरान के विदेश मंत्रालय ने इन कार्रवाइयों को ‘समुद्री डकैती’ और अंतरराष्ट्रीय कानून का उल्लंघन बताया है। ईरान के UN दूत अमीर सईद इरावानी ने संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद में इस मुद्दे को उठाया और इसे युद्धविराम समझौते का सीधा उल्लंघन बताया।

क्या होगा अगर विवाद और बढ़ता है

ईरानी संसद की राष्ट्रीय सुरक्षा समिति के डिप्टी हेड अलाएद्दीन बोरुजेर्दी ने चेतावनी दी है कि ईरान अपने हूती साथियों के जरिए बाब अल-मंडेब जलडमरूमध्य में रुकावट पैदा कर सकता है। उन्होंने यह भी साफ किया कि ईरान होर्मुज जलडमरूमध्य पर अपना नियंत्रण कभी नहीं छोड़ेगा और उसके पास कई सालों तक युद्ध लड़ने के लिए मिसाइलों का पर्याप्त भंडार है। दूसरी तरफ, अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने ईरान को चेतावनी देते हुए कहा कि उसे जल्द ही समझदारी दिखानी चाहिए और युद्ध खत्म करने के लिए समझौते पर राजी होना चाहिए।

अब तक कौन से जहाज जब्त हुए हैं

पिछले कुछ दिनों में अमेरिका और ईरान दोनों ने एक-दूसरे के जहाजों को निशाना बनाया है। अमेरिका ने 13 अप्रैल 2026 से ईरान के सभी बंदरगाहों की समुद्री नाकेबंदी शुरू कर दी है।

किसने जब्त किया जहाज का नाम तारीख
अमेरिका Touska 19 अप्रैल 2026
अमेरिका Tifani 21 अप्रैल 2026
अमेरिका Majestic X 23 अप्रैल 2026
ईरान (IRGC) Epaminondas और MSC Francesca 22 अप्रैल 2026

अटलांटिक काउंसिल की एक्सपर्ट एलिजाबेथ ब्रॉ के अनुसार, अमेरिका जिन जहाजों को पकड़ रहा है वे ईरान के ‘शैडो फ्लीट’ का हिस्सा हैं, जिनका इस्तेमाल प्रतिबंधों से बचकर तेल बेचने के लिए किया जाता है।

Frequently Asked Questions (FAQs)

अमेरिका ने ईरान के जहाजों को क्यों पकड़ा है

अमेरिकी पेंटागन और रक्षा विभाग का कहना है कि वे उन अवैध नेटवर्क को तोड़ रहे हैं जो ईरान को सामग्री और मदद पहुंचा रहे हैं। इसके लिए उन्होंने ईरान के बंदरगाहों की वैश्विक समुद्री नाकेबंदी की है।

ईरान ने जवाबी कार्रवाई के लिए क्या धमकी दी है

ईरान ने चेतावनी दी है कि वह अपनी सैन्य ताकत का इस्तेमाल करेगा और अपने हूती सहयोगियों के जरिए बाब अल-मंडेब जलडमरूमध्य में जहाजों का रास्ता रोक सकता है।