इराकी नागरिक उड्डयन प्राधिकरण (ICAA) ने देश के हवाई क्षेत्र (Airspace) को बंद रखने की अवधि 72 घंटे के लिए और बढ़ा दी है. मंगलवार, 10 मार्च 2026 की दोपहर 12 बजे से लेकर शुक्रवार, 13 मार्च की दोपहर 12 बजे तक यह नई पाबंदी लागू रहेगी. इसके कारण इराक आने, वहां से जाने और देश के ऊपर से गुजरने वाले सभी विमानों पर पूरी तरह से रोक लगा दी गई है. सुरक्षा कारणों को ध्यान में रखते हुए यह फैसला लिया गया है जिससे आम यात्रियों को काफी परेशानी उठानी पड़ रही है.

यात्रियों और एयरलाइंस पर क्या पड़ रहा है असर?

इराक के इस फैसले का सीधा असर उन प्रवासियों और यात्रियों पर पड़ा है जो गल्फ देशों में काम करते हैं या अक्सर वहां से सफर करते हैं. इस बंदी से कई प्रमुख एयरलाइंस का शेड्यूल बिगड़ गया है.

  • कतर एयरवेज (Qatar Airways), इजिप्ट एयर (EgyptAir), रॉयल जॉर्डनियन और इराकी एयरवेज ने अपनी कई उड़ानें रद्द या डायवर्ट कर दी हैं.
  • दोहा, अम्मान, काहिरा और एम्स्टर्डम जाने वाले 25 से अधिक मुख्य रूट्स पिछले 24 घंटे में प्रभावित हुए हैं.
  • बगदाद, एरबिल और बसरा एयरपोर्ट से सफर करने वाले यात्रियों को दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है.
  • यात्रियों की सहूलियत के लिए कतर एयरवेज और अन्य विमान कंपनियां टिकट की तारीख बदलने और ट्रैवल वाउचर जैसी सुविधाएं दे रही हैं.

सुरक्षा व्यवस्था और आगे का प्लान

इराक के परिवहन मंत्रालय के मीडिया निदेशक मैसम अल-सफी ने बताया कि विमानन सुरक्षा को लेकर कड़े कदम उठाए जा रहे हैं. सभी राष्ट्रीय विमानों को एयरपोर्ट के अंदर सुरक्षित स्थानों पर पार्क कर दिया गया है.

अधिकारियों के मुताबिक यह बंदी एक अस्थायी उपाय है जिस पर सिक्योरिटी असेसमेंट कमेटी लगातार नजर बनाए हुए है. अंतर्राष्ट्रीय मानकों के अनुसार सुरक्षा की पूरी जांच होने के बाद ही आसमान को फिर से खोलने पर कोई निर्णय लिया जाएगा. इस बंदी की वजह से इराक को हर दिन ट्रांजिट और एविएशन फीस के रूप में करीब 250,000 डॉलर का आर्थिक नुकसान उठाना पड़ रहा है.

अगर आप इराक या उसके आस-पास के देशों की यात्रा करने वाले हैं तो घर से निकलने से पहले अपनी एयरलाइन से फ्लाइट का स्टेटस जरूर चेक कर लें.

Nura Basta

Nura Basta is the Editor at GulfHindi.com and a journalism graduate from IIMC Delhi. With more than 7 years of professional experience, he has worked with leading media organizations including Aaj Tak (2018–2021) and Gulf News (2021–2025). His reporting and editorial work primarily focus on Gulf news, current affairs, and issues relevant to the Indian diaspora. At GulfHindi.com, he is committed to providing credible, well-researched, and impactful content for Hindi readers in the Gulf.