इराक के पॉपुलर मोबिलाइजेशन फोर्सेज (PMF) ने बड़ा दावा करते हुए कहा है कि अमेरिकी और इज़राइली सेना ने उनके ठिकानों पर हवाई हमले किए हैं। यह हमले बाबिल (Babil) और अनबार (Anbar) प्रांतों में स्थित सैन्य बेस पर हुए हैं। PMF इराक का एक आधिकारिक सुरक्षा बल है जिसमें कई अर्धसैनिक गुट शामिल हैं। इस घटना के बाद मिडिल ईस्ट में सुरक्षा को लेकर चिंताएं और बढ़ गई हैं और क्षेत्र में तनाव की स्थिति बनी हुई है।

किन ठिकानों पर हमला हुआ और PMF का क्या कहना है?

PMF ने आधिकारिक बयान जारी कर बताया कि उनके दो महत्वपूर्ण ठिकानों को निशाना बनाया गया है। संगठन ने इन हमलों को इराक की आजादी और संप्रभुता का अपमान बताया है। इराक की सरकार ने भी पहले इस तरह की सैन्य कार्रवाइयों की आलोचना की थी और इन्हें अंतरराष्ट्रीय नियमों के खिलाफ माना था। PMF के मुताबिक यह हमले 31 मार्च 2026 की सुबह किए गए और इसमें काफी नुकसान होने की बात कही जा रही है।

अमेरिका और इज़राइल का इस पर क्या रुख है?

अभी तक इस ताजा हमले पर अमेरिका या इज़राइल की तरफ से कोई सीधा बयान नहीं आया है। हालांकि, इज़राइल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने हाल ही में ‘ऑपरेशन रोरिंग लायन’ का जिक्र किया था, जिसका उद्देश्य ईरान और उसके समर्थित समूहों की सैन्य क्षमता को कम करना है। अमेरिका भी समय-समय पर कहता रहा है कि वह अपने सैनिकों की सुरक्षा के लिए जवाबी कार्रवाई करता रहेगा। हाल के दिनों में इस इलाके में सैन्य गतिविधियां काफी बढ़ गई हैं।

तारीख मुख्य घटनाक्रम
31 मार्च 2026 बाबिल और अनबार में PMF बेस पर हवाई हमले का दावा किया गया
30 मार्च 2026 बगदाद के विक्टोरिया बेस पर ड्रोन से हमला हुआ था
30 मार्च 2026 इज़राइल ने बेरूत में हिजबुल्लाह के ठिकानों पर हमले किए
25 मार्च 2026 अनबार में सैन्य ठिकानों पर अमेरिकी हमले की खबर मिली थी