इराक के कुर्दिस्तान क्षेत्र में तनाव एक बार फिर बढ़ गया है। 6 अप्रैल 2026 को सुलेमानिया शहर में एक बड़ा ड्रोन हमला हुआ, जिसके बाद आसमान में आग की लपटें और धुएं का गुबार देखा गया। यह हमला उन कई हमलों की कड़ी का हिस्सा है जो पिछले कुछ दिनों से इस इलाके में ईरानी कुर्द विपक्षी समूहों को निशाना बनाकर किए जा रहे हैं। स्थानीय सुरक्षा एजेंसियां और प्रशासन इस पूरी घटना की जांच में जुटे हुए हैं।

इस हमले और हालिया घटनाओं का क्या असर हुआ है?

सुलेमानिया में हुआ यह ड्रोन हमला रिहायशी और रणनीतिक ठिकानों के पास हुआ है। इससे पहले 5 अप्रैल को भी कुर्दिस्तान के कई हिस्सों में मिसाइल और ड्रोन से हमले किए गए थे। इन हमलों में मुख्य रूप से उन ठिकानों को निशाना बनाया गया है जो ईरानी कुर्द समूहों से जुड़े हुए हैं। राहत की बात यह रही कि कुछ जगहों पर हमले से पहले ही लोगों को वहां से हटा लिया गया था, जिससे किसी की जान नहीं गई। हालांकि, संपत्तियों और इमारतों को काफी नुकसान पहुंचा है।

घटना से जुड़े मुख्य अपडेट और तारीखें क्या हैं?

तारीख घटना का विवरण
6 अप्रैल 2026 सुलेमानिया शहर में ड्रोन स्ट्राइक हुई और भारी धुआं देखा गया।
5 अप्रैल 2026 कुर्दिस्तान के कई इलाकों और कोया में मिसाइल हमले हुए।
4 अप्रैल 2026 सुलेमानिया के ऊपर एक संदिग्ध ड्रोन को मार गिराया गया था।
3 मार्च 2026 सेंट्रल सुलेमानिया में यूएन हिल के पास ड्रोन हमला हुआ था।

सुलेमानिया के गवर्नर हवल अबूबकिर ने इस स्थिति पर चिंता जताई है। उन्होंने कहा कि सुरक्षा की जिम्मेदारी केंद्र सरकार की है और आम लोगों को हर समय सतर्क रहना चाहिए। कुर्दिस्तान डेमोक्रेटिक पार्टी ऑफ ईरान (KDPI) ने इन हमलों के लिए सीधे तौर पर ईरान के रिवोल्यूशनरी गार्ड्स को जिम्मेदार ठहराया है। अमेरिका और संयुक्त अरब अमीरात (UAE) ने भी इन हमलों की निंदा की है और इसे शांति के लिए बड़ा खतरा बताया है।

Sushma Kumari

Shushma covers Stories Around Expats and Helpful Contents Related to Daily life of Public. She completed Mass Communication Degree From Makhan lal Chaturvedi College Bhopal and Has 3 years of Field Experience. Earlier She Worked with Jagran Media Patna Office and Now Working with GulfHindi.com