इराक का एक बड़ा प्रतिनिधिमंडल ईरान की राजधानी तेहरान पहुंचा है। यहां उन्होंने शहीद अयातुल्ला खामेनेई को श्रद्धांजलि दी। यह दौरा उस समय हुआ है जब ईरान में उनके अंतिम संस्कार के कार्यक्रम चल रहे हैं और दुनिया भर से लोग उन्हें अंतिम विदाई देने पहुंच रहे हैं।
अंतिम संस्कार की तैयारियां और तारीखें
ईरान के पूर्व सुप्रीम लीडर अयातुल्ला Ali Khamenei के अंतिम संस्कार के कार्यक्रम 3 जुलाई 2026 से शुरू हुए हैं और ये 9 जुलाई तक चलेंगे। उन्हें 28 फरवरी 2026 को अमेरिका और इसराइल के हमलों में निशाना बनाया गया था।
इन कार्यक्रमों का आयोजन सिर्फ तेहरान में ही नहीं, बल्कि ईरान के Qom और Mashhad शहरों के साथ-साथ इराक के पवित्र शहरों Najaf और Karbala में भी किया जाएगा। 3 जुलाई को विदेशी मेहमानों के लिए एक विशेष स्मारक समारोह आयोजित किया गया और उनके पार्थिव शरीर को तेहरान के Grand Mosalla धार्मिक परिसर में लाया गया।
इराक और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर असर
इराक के संसद अध्यक्ष Mohammed Al-Halbousi ने 3 जुलाई को एक आधिकारिक प्रतिनिधिमंडल का नेतृत्व करते हुए तेहरान का दौरा किया। इससे पहले इराक के राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार Qasim al-Araji और कुर्दिस्तान क्षेत्र के आंतरिक मंत्री Rebar Ahmed भी ईरानी अधिकारियों से मिले थे ताकि सुरक्षा समझौतों पर चर्चा की जा सके।
ईरान के विदेश मंत्री Abbas Araghchi ने पुष्टि की है कि इराक में भी शहीद अयातुल्ला खामेनेई के लिए एक बड़ा जनाजे का कार्यक्रम आयोजित करने की तैयारी चल रही है। वहीं, इराक के आने वाले प्रधानमंत्री Ali Faleh al-Zaidi ने ईरान के साथ अपने रिश्तों को और मजबूत करने की बात कही है।
करोड़ों लोगों के जुटने की उम्मीद
ईरानी अधिकारियों का मानना है कि इस अंतिम विदाई में करीब 1.5 से 2 करोड़ लोग शामिल हो सकते हैं, जो इसे ईरान के इतिहास का सबसे बड़ा राजकीय अंतिम संस्कार बना सकता है। इस वजह से तेहरान के ऊपर के हवाई क्षेत्र (airspace) को कुछ समय के लिए पूरी तरह बंद रखा जाएगा।
इस मौके पर 30 से ज्यादा देशों के प्रतिनिधि शामिल होंगे, जिनमें रूस, चीन, भारत और पाकिस्तान जैसे देश शामिल हैं। पाकिस्तान के प्रधानमंत्री Shehbaz Sharif के भी 4 जुलाई को तेहरान पहुंचने की उम्मीद है।
