ईरान की सेना यानी Islamic Revolution Guard Corps (IRGC) ने खाड़ी देशों में काम कर रही उन सभी कंपनियों को अपनी जगह तुरंत खाली करने की चेतावनी दी है जिनके संबंध अमेरिका या इज़राइल से हैं। यह चेतावनी ईरान के औद्योगिक और परमाणु केंद्रों पर हुए हमलों के बाद आई है। ईरान ने साफ कहा है कि वह अब जवाबी हमले कर रहा है और इन कंपनियों या उनके पास रहना खतरे से खाली नहीं है। खाड़ी देशों में रहने वाले प्रवासियों और वहां काम करने वाले भारतीयों के लिए सुरक्षा के लिहाज़ से यह खबर काफी महत्वपूर्ण है क्योंकि तनाव लगातार बढ़ता जा रहा है।

ईरान ने किन कंपनियों और किन इलाकों को खाली करने को कहा है?

IRGC ने खासतौर पर उन कंपनियों को निशाना बनाने की बात कही है जिनके शेयर अमेरिका के पास हैं या जो इज़राइल के साथ व्यापारिक रूप से जुड़ी हैं। ईरान के Aerospace Force कमांडर सैयद माजिद मौसवी ने सोशल मीडिया पर साफ चेतावनी दी है कि वे अमेरिका और इज़राइल के हितों को नुकसान पहुंचाएंगे।

  • भारी उद्योगों (Heavy Industries) में काम करने वाले कर्मचारियों को तुरंत काम रोकने और वहां से हटने की सलाह दी गई है।
  • ऐसी औद्योगिक फैक्ट्रियों के एक किलोमीटर के दायरे में रहने वाले लोगों को भी घर छोड़ने के लिए कहा गया है।
  • ईरान के मुताबिक इज़राइल ने उनके दो बड़े स्टील कारखानों, एक बिजली संयंत्र और परमाणु साइट्स को निशाना बनाया था।
  • ईरान ने यह भी कहा है कि उन्होंने जवाबी कार्रवाई के तहत मिसाइल और ड्रोन हमले पहले ही शुरू कर दिए हैं।

खाड़ी देशों में हमलों का असर और नई लिस्ट में कौन से नाम हैं?

ईरान की ओर से जारी रिपोर्ट के अनुसार कई खाड़ी देशों में अमेरिकी सेना द्वारा इस्तेमाल की जाने वाली जगहों पर मिसाइल और ड्रोन से हमले किए गए हैं। यूएई (UAE) के रक्षा मंत्रालय ने अपने निवासियों को मिसाइल खतरे के बारे में पहले ही अलर्ट कर दिया है। सऊदी अरब और बहरीन से भी नुकसान की खबरें सामने आ रही हैं।

देश का नाम प्रभावित या संभावित टारगेट स्थल
Saudi Arabia मिलिट्री बेस और स्टील इंडस्ट्री (Hadeed)
UAE मिसाइल अलर्ट और Emirates Steel फैक्ट्री
Bahrain US एयर डिफेंस Patriot का मेंटेनेंस सेंटर
Qatar & Kuwait अमेरिकी सेना द्वारा इस्तेमाल किए जाने वाले ठिकाने

ईरान ने अपनी नई टारगेट लिस्ट में सऊदी अरब, यूएई, कतर, बहरीन और कुवैत की स्टील इंडस्ट्रीज को शामिल किया है। सऊदी अरब में एक सैन्य अड्डे पर हुए हमले में 10 अमेरिकी सैनिकों के घायल होने और कई विमानों के क्षतिग्रस्त होने की भी जानकारी मिली है। फिलहाल इंटरनेशनल एटॉमिक एनर्जी एजेंसी (IAEA) भी ईरान के परमाणु केंद्रों पर हुए नुकसान की जांच कर रही है।

Nura Basta

Nura Basta is the Editor at GulfHindi.com and a journalism graduate from IIMC Delhi. With more than 7 years of professional experience, he has worked with leading media organizations including Aaj Tak (2018–2021) and Gulf News (2021–2025). His reporting and editorial work primarily focus on Gulf news, current affairs, and issues relevant to the Indian diaspora. At GulfHindi.com, he is committed to providing credible, well-researched, and impactful content for Hindi readers in the Gulf.