इस्लामाबाद और रावलपिंडी में भारी सुरक्षा बल तैनात किया गया है क्योंकि अमेरिका के सैन्य विमान वहां पहुंच चुके हैं। अमेरिका और ईरान के बीच शांति वार्ता के लिए पाकिस्तान मध्यस्थ की भूमिका निभा रहा है। इस वजह से शहर के कई रास्तों को बंद कर दिया गया है और आम आवाजाही रोक दी गई है।

इस्लामाबाद में ट्रैफिक और सुरक्षा के क्या नियम लागू हुए हैं?

इस्लामाबाद ट्रैफिक पुलिस ने रेड ज़ोन और एक्सटेंडेड रेड ज़ोन को पूरी तरह बंद कर दिया है। इस्लामाबाद एक्सप्रेसवे समेत कई मुख्य रास्ते बंद हैं और भारी वाहनों के शहर में आने पर रोक लगा दी गई है। जिला प्रशासन ने सार्वजनिक और माल ढोने वाले वाहनों के संचालन को भी निलंबित कर दिया है। यह सख्ती 19 अप्रैल से शुरू हुई थी और 25 अप्रैल तक जारी रहेगी।

अमेरिका और ईरान के कौन से बड़े अधिकारी पहुंच रहे हैं?

अमेरिकी विशेष दूत Steve Witkoff और Jared Kushner शनिवार 25 अप्रैल को इस्लामाबाद पहुंचेंगे। इससे पहले ईरान के विदेश मंत्री Abbas Araghchi शुक्रवार तड़के ही शहर पहुंच चुके हैं। हालांकि, ईरान के विदेश मंत्रालय ने साफ किया है कि अमेरिकी दल के साथ उनकी कोई सीधी मुलाकात नहीं होगी। दोनों देशों के बीच संदेशों का आदान-प्रदान पाकिस्तान के अधिकारियों के जरिए किया जाएगा।

Nur Khan Airbase पर क्या तैयारियां चल रही हैं?

19 अप्रैल से अमेरिकी सेना के C-17 ट्रांसपोर्ट विमान Nur Khan Airbase पर उतरना शुरू हुए थे। इन विमानों में जरूरी उपकरण और एडवांस टीमें लाई गई थीं। आंतरिक मंत्री Mohsin Naqvi ने अमेरिकी राजदूत Natalie Baker को भरोसा दिलाया है कि विदेशी मेहमानों के लिए सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए हैं।

Nura Basta

Nura Basta is the Editor at GulfHindi.com and a journalism graduate from IIMC Delhi. With more than 7 years of professional experience, he has worked with leading media organizations including Aaj Tak (2018–2021) and Gulf News (2021–2025). His reporting and editorial work primarily focus on Gulf news, current affairs, and issues relevant to the Indian diaspora. At GulfHindi.com, he is committed to providing credible, well-researched, and impactful content for Hindi readers in the Gulf.