इस्लामाबाद और रावलपिंडी में इस समय भारी सुरक्षा और तनाव का माहौल है। अमेरिका के C-17 सैन्य विमानों के आने के बाद पूरे शहर को हाई अलर्ट पर रखा गया है। सड़कों को सील कर दिया गया है और आम लोगों के लिए ट्रांसपोर्ट की सुविधा रोक दी गई है, ताकि विदेशी मेहमानों की मुलाकात सुरक्षित तरीके से हो सके।

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शहर में सुरक्षा के क्या इंतजाम हैं और क्या बंद है?

  • इस्लामाबाद का रेड ज़ोन और एक्सटेंडेड रेड ज़ोन पूरी तरह बंद कर दिया गया है, यहाँ किसी भी गाड़ी के आने-जाने की अनुमति नहीं है।
  • शहर में पब्लिक और भारी वाहनों के ट्रांसपोर्ट को अनिश्चित काल के लिए रोक दिया गया है।
  • सरकारी दफ्तरों में काम करने वाले कर्मचारियों को घर से काम (Work from Home) करने का आदेश दिया गया है।
  • रावलपिंडी पुलिस ने 10,000 से ज़्यादा ऑफिसर तैनात किए हैं और 600 से ज़्यादा विशेष चौकियाँ बनाई गई हैं।
  • पूरे इलाके की निगरानी के लिए CCTV कैमरों और मॉडर्न निगरानी सिस्टम का इस्तेमाल किया जा रहा है।

कौन से बड़े नेता आ रहे हैं और क्यों?

पाकिस्तान में इस समय डिप्लोमेसी की बड़ी हलचल है। ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अरागची 24 अप्रैल 2026 को इस्लामाबाद पहुंचे, जहाँ उनका स्वागत डिप्टी पीएम इशक डार और आर्मी चीफ फील्ड मार्शल आसिम मुनीर ने किया। वहीं, अमेरिका की ओर से उपराष्ट्रपति JD Vance, स्पेशल एनवॉय स्टीव विटकॉफ और जेरेड कुशनर 25 अप्रैल को पाकिस्तान पहुंचेंगे।

यह पूरी कवायद अमेरिका और ईरान के बीच बातचीत के दूसरे दौर के लिए हो रही है। इससे पहले 8 अप्रैल को पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज़ शरीफ ने दोनों देशों के बीच दो हफ्ते के युद्धविराम (Ceasefire) की बात कराई थी। अब इसी सिलसिले को आगे बढ़ाने के लिए दोनों देशों के प्रतिनिधि इस्लामाबाद आ रहे हैं।

क्या अमेरिका और ईरान की सीधी मुलाकात होगी?

इस यात्रा को लेकर दोनों देशों की बातों में अंतर है। व्हाइट हाउस ने इस बातचीत को लेकर उम्मीद जताई है कि प्रगति होगी। लेकिन ईरान के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता ने साफ किया है कि ईरानी अधिकारी इस दौरे के दौरान अमेरिकी प्रतिनिधियों से सीधे तौर पर नहीं मिलेंगे।

ईरान की योजना यह है कि वे अपनी चिंताएं और बातें पाकिस्तान के जरिए अमेरिका तक पहुंचाएंगे। नूर खान एयरबेस के आसपास की सड़कों को 19 अप्रैल से ही बंद कर दिया गया है, जहाँ अमेरिकी विमानों ने जरूरी सामान और इक्विपमेंट उतारना शुरू किया था।

Sushma Kumari

Shushma covers Stories Around Expats and Helpful Contents Related to Daily life of Public. She completed Mass Communication Degree From Makhan lal Chaturvedi College Bhopal and Has 3 years of Field Experience. Earlier She Worked with Jagran Media Patna Office and Now Working with GulfHindi.com