वेस्ट जेरूसलम के Mea Shearim इलाके में एक बड़ा हंगामा देखने को मिला। यहाँ कुछ Ultra-Orthodox यहूदियों ने इसराइल के 78वें स्थापना दिवस के दौरान देश के झंडे जलाए। प्रदर्शनकारियों ने इसराइल के खिलाफ बैनर भी लहराए और अपना विरोध जताया। यह पूरी घटना Al Jazeera English की रिपोर्ट के जरिए सामने आई है।

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प्रदर्शन में कौन लोग शामिल थे और क्यों हुआ विरोध?

इन प्रदर्शनों में Neturei Karta और Guardians of the City जैसे ग्रुप शामिल थे। ये लोग Ultra-Orthodox यहूदी हैं जो इसराइल देश की वैधता को नहीं मानते और खुद को anti-Zionist कहते हैं। ये ग्रुप अक्सर इस तरह के विरोध प्रदर्शन करते रहते हैं क्योंकि उनकी धार्मिक और राजनीतिक मान्यताएं इसराइल सरकार से अलग हैं।

झंडा जलाने पर इसराइल में क्या है कानून और सजा?

इसराइल के Flag and Emblem Law 1949 के तहत झंडे का अपमान करना एक आपराधिक अपराध है। ऐसा करने वालों को एक साल तक की जेल या जुर्माना, या दोनों सजाएं मिल सकती हैं। साल 2020 में इस कानून को और सख्त किया गया था ताकि झंडों को नुकसान पहुंचाने वालों पर कड़ी कार्रवाई की जा सके।

पहले भी हो चुके हैं ऐसे हंगामे, क्या बोले अधिकारी?

इससे पहले भी 2017 और 2021 में इस तरह की घटनाएं हो चुकी हैं। उस समय प्रधानमंत्री Benjamin Netanyahu ने झंडा जलाने वालों के काम को बर्बरता और बेहद अपमानजनक बताया था। सरकारी अधिकारी ऐसे प्रदर्शनकारियों को कट्टरपंथी मानते हैं और उनकी हरकतों की कड़ी निंदा करते हैं।

Aanya

Aanya is Ex IndiaTV Journalist. She covers Expats oriented news, views and interviews With deep understanding of what Hindi Speaking people needs as updates in daily life to avoid fines, comply rules and stay updated.