लेबनान के दक्षिणी हिस्से में इसराइल ने एक बार फिर जोरदार हवाई हमले किए हैं. Bint Jbeil जिले के Safad al-Batikh कस्बे में हुए इस हमले से इलाके में काफी तबाही मची है. इस घटना के बाद पूरे इलाके में डर का माहौल है और कई लोग घायल हुए हैं.
Safad al-Batikh हमले में कितना नुकसान हुआ?
इस हमले को लेकर अलग-अलग रिपोर्ट सामने आई हैं. Al Jazeera के मुताबिक कम से कम 12 लोग घायल हुए हैं. वहीं, Lebanon के स्वास्थ्य मंत्रालय और National News Agency ने बताया कि इस हमले में 2 लोगों की मौत हो गई और 17 लोग घायल हुए. हमला कस्बे के प्रवेश द्वार पर हुआ जिसकी वजह से Safad और al-Jumayjmah के बीच का रास्ता बंद करना पड़ा.
लेबनान के अन्य इलाकों और आम लोगों पर क्या असर पड़ा?
सिर्फ Safad al-Batikh ही नहीं, बल्कि दक्षिण लेबनान के कई और हिस्सों में भी हमले हुए. Yohmor al-Shaqif में हुए हमले में 4 नागरिकों की जान चली गई. इसके अलावा Kunin, Al-Basatin और Wadi Hassan जैसे इलाकों में भी बमबारी की गई. रिपोर्ट के अनुसार, Al-Khiam और Bint Jbeil में रिहायशी इलाकों को बड़े पैमाने पर ढहाया गया ताकि एक सिक्योरिटी बेल्ट बनाई जा सके. स्वास्थ्य मंत्रालय के आंकड़ों के मुताबिक 2 मार्च से 25 अप्रैल के बीच अब तक 2,496 लोग मारे गए और 7,725 घायल हुए हैं.
युद्धविराम और हिज़बुल्लाह की क्या प्रतिक्रिया रही?
यह पूरा मामला ऐसे समय में हुआ जब अमेरिका के राष्ट्रपति Donald Trump ने 17 अप्रैल से शुरू हुए 10 दिनों के युद्धविराम को तीन हफ्ते के लिए बढ़ाने का ऐलान किया था. इस हमले के जवाब में Hezbollah ने एक ड्रोन के जरिए इसराइली मिलिट्री गाड़ी को निशाना बनाया. दूसरी तरफ, Israel Defence Forces ने दावा किया कि उन्होंने ड्रोन और रॉकेट को हवा में ही रोक दिया और इसे युद्धविराम का उल्लंघन बताया. UN के जानकारों ने भी इस बमबारी की निंदा की और इसे UN चार्टर का उल्लंघन कहा है.