मिडिल ईस्ट में तनाव एक बार फिर से बहुत ज्यादा बढ़ गया है. सऊदी न्यूज और इंटरनेशनल एजेंसियों की 18 मार्च 2026 की रिपोर्ट के अनुसार इजराइल ने ईरान के बुशहर प्रांत में मौजूद गैस और न्यूक्लियर इंफ्रास्ट्रक्चर पर बड़ा हमला किया है. इस हमले के बाद पूरे गल्फ देशों में हाई अलर्ट जारी कर दिया गया है. हमले का सीधा असर आम लोगों की सुरक्षा और ग्लोबल मार्केट पर देखने को मिल रहा है.

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न्यूक्लियर प्लांट और गैस फैसिलिटी पर क्या हुआ

ईरान के बुशहर न्यूक्लियर पावर प्लांट के पास मंगलवार शाम को एक प्रोजेक्टाइल आकर गिरा. इसके साथ ही दक्षिणी बुशहर प्रांत में मौजूद साउथ पार्स गैस फील्ड पर भी हमला हुआ है. यह गैस फील्ड ईरान की लगभग 70 प्रतिशत गैस सप्लाई को संभालता है. इंटरनेशनल एटॉमिक एनर्जी एजेंसी (IAEA) ने भी न्यूक्लियर साइट के पास हमले की पुष्टि की है.

राहत की बात यह है कि रूस की कंपनी रोसाटोम और ईरान की न्यूक्लियर एजेंसी ने बताया है कि न्यूक्लियर प्लांट को कोई बड़ा आर्थिक या तकनीकी नुकसान नहीं पहुंचा है. वहां रेडिएशन का लेवल अभी भी बिल्कुल नॉर्मल है और वहां काम करने वाले 480 रूसी एक्सपर्ट सुरक्षित हैं.

ईरान के खुफिया मंत्री की मौत और जवाबी कार्रवाई

इस हमले में ईरान को बड़ा नुकसान हुआ है. इजराइल के रक्षा मंत्री इजराइल काट्ज ने खुद इस बात की पुष्टि की है कि उन्होंने 18 मार्च को ईरान के खुफिया मंत्री एस्माइल खतीब को मार गिराया है. इससे पहले भी ईरान के कई बड़े सुरक्षा अधिकारी और कमांडर इन हमलों का शिकार हो चुके हैं.

इन हमलों से भड़के ईरान की सेना (IRGC) ने चुप नहीं बैठने का फैसला लिया. उन्होंने इजराइल के मध्य इलाकों पर खुर्रमशहर-4 और कादर मिसाइलों से बड़ा जवाबी हमला किया है. ईरान के विदेश मंत्री ने इस इजराइली हमले को एक बड़ी रणनीतिक गलती बताया है.

गल्फ देशों पर असर और गैस के बढ़ते दाम

इस आपसी तनाव का असर सीधे तौर पर गल्फ देशों और वहां रहने वाले प्रवासियों पर पड़ रहा है. सऊदी अरब और कतर में एहतियात के तौर पर कुछ एनर्जी सुविधाओं को बंद किया गया है. कुवैत और कतर के आसमान में मिसाइल के टुकड़ों को इंटरसेप्ट किया गया है जिसके कारण मिडिल ईस्ट में सिक्योरिटी अलर्ट जारी है.

इस पूरे घटनाक्रम से गैस सप्लाई प्रभावित होने का डर पैदा हो गया है. इसी डर से यूरोप के बाजार में गैस की कीमतें लगभग 50 प्रतिशत तक बढ़ गई हैं. हालात को देखते हुए रूस बुशहर साइट से अपने कर्मचारियों और उनके परिवारों को वापस निकालने की तैयारी कर रहा है.

Nura Basta

Nura Basta is the Editor at GulfHindi.com and a journalism graduate from IIMC Delhi. With more than 7 years of professional experience, he has worked with leading media organizations including Aaj Tak (2018–2021) and Gulf News (2021–2025). His reporting and editorial work primarily focus on Gulf news, current affairs, and issues relevant to the Indian diaspora. At GulfHindi.com, he is committed to providing credible, well-researched, and impactful content for Hindi readers in the Gulf.