गाजा में शांति समझौते के बाद भी हालात बदतर होते जा रहे हैं। Al Jazeera की रिपोर्ट के मुताबिक, Israel ने पिछले छह महीनों में 2,400 से ज़्यादा बार ceasefire का उल्लंघन किया है। इस वजह से आम लोगों की जान जा रही है और पूरा इलाका तनाव की चपेट में है।
Israel ने ceasefire के दौरान क्या-क्या किया?
Gaza Government Media Office के आंकड़ों के अनुसार, 10 अक्टूबर 2025 से 14 अप्रैल 2026 के बीच कई बड़े नियम तोड़े गए। इन घटनाओं का ब्यौरा नीचे दिया गया है:
- 1,109 बार बमबारी और गोलाबारी की गई।
- 921 बार आम नागरिकों पर गोलियां चलाई गईं।
- 273 संपत्तियों को पूरी तरह से गिरा दिया गया।
- 97 बार रिहायशी इलाकों में छापेमारी की गई।
- करीब 50 फिलिस्तीनियों को हिरासत में लिया गया और मदद के सामान को रोकने का काम जारी रहा।
UN ने मौतों और हमलों पर क्या जानकारी दी?
UN Human Rights Chief Volker Türk ने बताया कि 10 अक्टूबर 2025 को ceasefire शुरू होने के बाद से अब तक कम से कम 738 फिलिस्तीनियों की जान जा चुकी है। सिर्फ अप्रैल 2026 की शुरुआत में ही 32 लोग मारे गए। इसके अलावा, 8 अप्रैल को Al Jazeera के पत्रकार Mohamed Washah को ड्रोन हमले में मार दिया गया। Israel ने दावा किया कि वह Hamas के सदस्य थे, लेकिन UN के मुताबिक इसका कोई पुख्ता सबूत नहीं मिला। UN विशेषज्ञों ने पश्चिमी गाजा सिटी में विस्थापित लोगों पर हुए हमलों पर भी चिंता जताई है।
Hamas और IDF की क्या दलीलें हैं?
एक तरफ जहाँ Israel पर आरोप हैं, वहीं Israel Defense Forces (IDF) ने भी दावा किया है कि फिलिस्तीनी आतंकवादियों ने ceasefire तोड़ा है। IDF के मुताबिक, 8 से 16 अप्रैल के बीच 14 बार और 17 से 21 अप्रैल के बीच 5 बार नियम तोड़े गए, जिसमें इजरायली सैनिकों पर हमले की कोशिश शामिल थी। दूसरी तरफ, Hamas ने शांति योजना के उस हिस्से को मानने से साफ़ इनकार कर दिया है जिसमें हथियारों को छोड़ने (disarmament) की बात कही गई थी।