गज़ा में युद्धविराम के छह महीने बाद अब चौंकाने वाले आंकड़े सामने आए हैं। Al Jazeera की रिपोर्ट और गज़ा गवर्नमेंट मीडिया ऑफिस के मुताबिक, इसराइल ने समझौते की शर्तों को ताक पर रखकर हज़ारों बार हमले किए। इन हमलों में बड़ी संख्या में आम नागरिक और बच्चे मारे गए हैं।

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इसराइल ने कितनी बार तोड़ा नियम और कितने लोग मारे गए?

10 अक्टूबर 2025 को युद्धविराम लागू हुआ था। लेकिन पिछले छह महीनों में इसराइल की तरफ से नियमों का जमकर उल्लंघन हुआ। नीचे दी गई टेबल में पूरी जानकारी दी गई है:

विवरण संख्या
कुल उल्लंघन लगभग 2,400
शूटिंग की घटनाएं 921
एयरस्ट्राइक और हमले 1,109
रिहायशी इलाकों में घुसपैठ 97
तोड़े गए घर और इमारतें 273
कुल मौतें 754
कुल घायल 2,100 से ज़्यादा
पकड़े गए लोग 50

मदद और रास्तों पर क्या पाबंदियां लगाई गईं?

समझौते में कहा गया था कि गज़ा में पूरी मदद तुरंत भेजी जाएगी, लेकिन हकीकत कुछ और रही। गज़ा गवर्नमेंट मीडिया ऑफिस के अनुसार, 1,10,400 ट्रकों के मुकाबले केवल 41,714 ट्रक ही अंदर जा पाए, जो कि तय मदद का करीब 37% है।

  • रफ़ाह क्रॉसिंग: फरवरी में खुलने के बाद यहाँ से केवल 2,703 लोग निकले, जबकि 36,800 लोगों का जाना तय था।
  • सामान पर रोक: मलबे हटाने वाली मशीनों, टेंट, मोबाइल होम और बिजली प्लांट चलाने के सामान को रोकने का आरोप लगा है।

संयुक्त राष्ट्र और अन्य संस्थाओं ने क्या कहा?

UN Human Rights Chief Volker Türk ने कहा कि गज़ा में लोग अब भी असुरक्षित हैं और इसराइल लगातार हमलों को अंजाम दे रहा है। Save the Children और Oxfam जैसे संगठनों ने एक रिपोर्ट जारी की है जिसमें कहा गया है कि युद्धविराम का प्लान फेल हो रहा है। इन संस्थाओं के मुताबिक, गज़ा के लोग भूख, चोट और मौत का सामना कर रहे हैं और हर दिन कम से कम दो बच्चे मारे या घायल हो रहे हैं।

Aanya

Aanya is Ex IndiaTV Journalist. She covers Expats oriented news, views and interviews With deep understanding of what Hindi Speaking people needs as updates in daily life to avoid fines, comply rules and stay updated.