इज़राइली अधिकारियों ने सोमवार, 30 मार्च 2026 को देश के दक्षिणी हिस्से में स्थित रणनीतिक शहर Eilat (ईलात) के ऊपर दो ड्रोन को मार गिराने का दावा किया है। इज़राइली सेना (IDF) और वायु सेना के अनुसार, ये ड्रोन यमन से भेजे गए थे। इस घटना के बाद इलाके में सुरक्षा और अलर्ट बढ़ा दिया गया है। लगातार हो रहे इन हमलों ने क्षेत्र में तनाव को और बढ़ा दिया है।

घटना की मुख्य बातें क्या हैं?

इज़राइली डिफेंस मिनिस्ट्री और वायु सेना ने इस कार्रवाई की आधिकारिक पुष्टि की है। सेना की प्रवक्ता एला वावेया ने बताया कि वायु सेना ने समय रहते दोनों ड्रोनों को हवा में ही नष्ट कर दिया। इस घटना से जुड़ी कुछ महत्वपूर्ण जानकारियां नीचे दी गई हैं:

  • ये ड्रोन यमन से दक्षिणी इज़राइल के महत्वपूर्ण पोर्ट शहर Eilat की तरफ आ रहे थे।
  • हमले से पहले Eilat शहर में खतरे की चेतावनी देने वाले सायरन बजाए गए थे।
  • यमन के Houthi (हुथी) ग्रुप ने इस हमले की जिम्मेदारी ली है और इज़राइल के पोर्ट को निशाना बनाने की बात कही है।
  • इज़राइली अधिकारियों के मुताबिक, 28 मार्च को भी इसी तरह के ड्रोन और मिसाइल हमलों को नाकाम किया गया था।

क्षेत्र में लगातार बढ़ रहा है हवाई हमलों का खतरा

इज़राइल और यमन के बीच पिछले कुछ दिनों में तनाव काफी बढ़ गया है। रिपोर्ट के अनुसार, यह केवल एक दिन की घटना नहीं है बल्कि हमलों का एक सिलसिला चल रहा है जो इज़राइल के डिफेंस सिस्टम को चुनौती दे रहा है। पिछले तीन दिनों का घटनाक्रम कुछ इस प्रकार रहा है:

तारीख घटनाक्रम
28 मार्च 2026 Houthi ग्रुप ने क्रूज मिसाइल और ड्रोन से हमले का दावा किया, इज़राइल ने जवाब देने की चेतावनी दी।
29 मार्च 2026 इज़राइली चैनल 12 के अनुसार, यमन से आए ड्रोन को जॉर्डन के पास इंटरसेप्ट किया गया।
30 मार्च 2026 Eilat के ऊपर दो और ड्रोनों को इज़राइली वायु सेना ने मार गिराया।

इज़राइली अधिकारियों ने कहा है कि इन हमलों के लिए जिम्मेदार लोगों को इसकी कीमत चुकानी होगी। वहीं Houthi गुट का कहना है कि उनके ऑपरेशन तब तक जारी रहेंगे जब तक क्षेत्रीय संघर्ष नहीं रुकता। इस स्थिति के कारण पूरे क्षेत्र में सुरक्षा एजेंसियां हाई अलर्ट पर हैं।