इसराइल की सेना ने यमन से आए एक ड्रोन को मार गिराया है. यह हमला इसराइल के सबसे दक्षिणी शहर Eilat के ऊपर हुआ था, जिसके बाद वहां सायरन बजने लगे. यमन के हूती विद्रोहियों ने इस हमले की जिम्मेदारी ली है. यह पूरा मामला तब सामने आया जब इलाके में तनाव काफी बढ़ चुका था.

🗞️: इसराइल और ईरान के बीच मिसाइल जंग रुकी, ट्रंप की अपील के बाद दोनों देशों ने हमले रोके, Tel Aviv में लोग हुए परेशान

यमन के हूती विद्रोहियों का हमला और नए प्रतिबंध

यमन के ईरान समर्थित हूती विद्रोहियों ने इसराइली सेना के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है. 8 जून 2026 को उन्होंने एक ड्रोन के साथ-साथ दो बैलिस्टिक मिसाइलें भी दागीं. इसराइल ने ड्रोन को तो मार गिराया, लेकिन मिसाइलों में से एक इंटरसेप्ट हुई और दूसरी अपने आप ही रास्ते में विफल हो गई. हूती विद्रोहियों ने अब लाल सागर (Red Sea) में इसराइल से जुड़े सभी जहाजों के आने-जाने पर पाबंदी लगा दी है और चेतावनी दी है कि वे ऐसे जहाजों को निशाना बनाएंगे.

ईरान-इसराइल टकराव और अमेरिका की अपील

पिछले 24 घंटों में ईरान और इसराइल के बीच भारी गोलीबारी हुई है. ईरान ने इसराइल की ओर लगभग 30 बैलिस्टिक मिसाइलें छोड़ीं, जिन्हें इसराइली एयर डिफेंस ने रोक लिया. जवाब में इसराइल ने ईरान के Mahshahr में एक पेट्रोकेमिकल कॉम्प्लेक्स और सैन्य बुनियादी ढांचे पर हवाई हमले किए. इस बीच अमेरिकी राष्ट्रपति Donald Trump ने ईरान और इसराइल दोनों को तुरंत गोलीबारी रोकने की सलाह दी है. उन्होंने प्रधानमंत्री Benjamin Netanyahu से कहा है कि वे जवाबी हमले न करें ताकि कोई समझौता हो सके.

सऊदी अरब और लेबनान में क्या हुआ

इस संघर्ष का असर पड़ोसी देशों पर भी पड़ा है. सऊदी अरब के रक्षा मंत्रालय के प्रवक्ता Major General Turki Al-Malki ने पुष्टि की कि यमन से छोड़ी गई एक बैलिस्टिक मिसाइल तकनीकी खराबी के कारण सऊदी-यमन सीमा के पास एक खाली इलाके में गिर गई. वहीं लेबनान के Zefta इलाके में इसराइली हमलों के कारण 7 लोगों की मौत हो गई. इसराइल के रक्षा मंत्री Israel Katz ने साफ कहा है कि लेबनान में हिजबुल्लाह के खिलाफ सैन्य ऑपरेशन जारी रहेंगे.

Frequently Asked Questions (FAQs)

यमन के हूतियों ने इसराइल पर किस तरह का हमला किया

हूती विद्रोहियों ने 8 जून 2026 को एक ड्रोन और दो बैलिस्टिक मिसाइलें दागीं. ड्रोन को Eilat शहर के ऊपर मार गिराया गया, जबकि एक मिसाइल इंटरसेप्ट हुई और दूसरी विफल रही.

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने इस मामले में क्या कहा

डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान और इसराइल दोनों देशों से तुरंत गोलीबारी बंद करने की अपील की है और बेंजामिन नेतन्याहू को जवाबी हमलों से बचने की सलाह दी है.