इसराइल और ईरान के बीच चल रही जंग में एक नया मोड़ आया है। इसराइली प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने साफ कर दिया है कि ईरान और हिजबुल्लाह के खिलाफ उनका संघर्ष अभी खत्म नहीं हुआ है। दोनों तरफ से हमलों को फिलहाल रोकने के बाद भी तनाव पूरी तरह बना हुआ है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने दोनों देशों से तुरंत गोलाबारी रोकने की अपील की है, लेकिन इसराइल ने साफ किया है कि दोबारा हमला होने पर वे और भी ताकत के साथ पलटवार करेंगे।

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नेतन्याहू और ईरान ने हमले रोकने पर क्या कहा?

इसराइल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने पुष्टि की है कि उन्होंने फिलहाल ईरान और हिजबुल्लाह पर हमले रोक दिए हैं। यह फैसला ईरान द्वारा अपनी सैन्य कार्रवाई रोकने की घोषणा के बाद लिया गया। हालांकि, नेतन्याहू ने चेतावनी दी है कि यह युद्ध का अंत नहीं है और अगर दोबारा हमला हुआ तो इसराइल इसका मुंहतोड़ जवाब देगा।

दूसरी ओर, ईरान ने कहा है कि उसने इसराइल की हरकतों का दर्दनाक जवाब दे दिया है। ईरान ने चेतावनी दी है कि अगर दोबारा हमला हुआ तो वे इससे भी ज्यादा कड़ा कदम उठाएंगे। ईरान ने संयुक्त राष्ट्र के चार्टर का हवाला देते हुए अपने हमलों को आत्मरक्षा का कदम बताया है।

पिछले 24 घंटों में क्या-क्या नुकसान हुआ?

दोनों देशों के बीच पिछले 24 घंटों में भारी गोलाबारी देखने को मिली है। इस विवाद के दौरान निम्नलिखित घटनाएं सामने आई हैं:

  • ईरान की ओर से दागी गई मिसाइल वेस्ट बैंक के एक शहर में गिरी, जिससे चार घरों को नुकसान पहुंचा लेकिन कोई घायल नहीं हुआ।
  • इसराइल ने ईरान के पश्चिमी और मध्य इलाकों में सैन्य ठिकानों को निशाना बनाकर हमले किए, जिसमें करीब 15 लोग घायल हुए हैं।
  • ईरान ने इसराइल के नेवातिम और तेल नोफ एयरबेस के साथ-साथ हाइफा में एक पेट्रोकेमिकल प्लांट को निशाना बनाकर मिसाइलें दागीं।
  • यह ताजा विवाद इसराइल द्वारा बेरूत के दहियाह इलाके में हिजबुल्लाह के कमांड सेंटर पर किए गए हमले के बाद शुरू हुआ, जिसमें दो लड़ाके मारे गए थे।
  • इस तनाव के बीच ईरान के सर्वोच्च नेता अयातुल्ला मुजतबा खामेनेई और अन्य अधिकारियों की संचार लाइनें ठप हो गई हैं और ईरान जाने वाली सभी उड़ानें रद्द कर दी गई हैं।

अमेरिका और अन्य देशों का क्या रुख है?

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने दोनों पक्षों से तुरंत गोलीबारी बंद करने को कहा है। उन्होंने संकेत दिया है कि दोनों देश तुरंत सीजफायर चाहते हैं। ट्रंप ने यह भी कहा कि अगर अमेरिका और ईरान के बीच कोई परमाणु समझौता होता है, तो नेतन्याहू के पास उसे स्वीकार करने के अलावा कोई विकल्प नहीं होगा।

इस बीच, लेबनान के प्रधानमंत्री नवाफ सलाम ने कहा है कि केवल लेबनान सरकार ही देश की तरफ से बातचीत करेगी। कतर के प्रधानमंत्री भी इस मामले में मध्यस्थता के लिए ईरान के विदेश मंत्री अराक्ची के साथ बातचीत कर रहे हैं। वहीं, यमन के हूती विद्रोहियों ने लाल सागर में इसराइली जहाजों पर प्रतिबंध लगाने और इसराइल पर मिसाइल दागने की बात कही है।

Frequently Asked Questions (FAQs)

क्या इसराइल और ईरान के बीच युद्ध पूरी तरह समाप्त हो गया है?

नहीं, इसराइली प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने साफ किया है कि यह केवल अस्थायी रोक है और ईरान या हिजबुल्लाह की तरफ से दोबारा हमला होने पर इसराइल कड़ा पलटवार करेगा।

इस तनाव के कारण विमान सेवाओं पर क्या असर पड़ा है?

सुरक्षा कारणों और भारी गोलाबारी के चलते ईरान आने-जाने वाली सभी फ्लाइट्स को अगले आदेश तक के लिए पूरी तरह रद्द कर दिया गया है।

Sushma Kumari

Shushma covers Stories Around Expats and Helpful Contents Related to Daily life of Public. She completed Mass Communication Degree From Makhan lal Chaturvedi College Bhopal and Has 3 years of Field Experience. Earlier She Worked with Jagran Media Patna Office and Now Working with GulfHindi.com