इजराइल और ईरान के बीच तनाव एक बार फिर बढ़ गया है। इजराइल के चीफ ऑफ स्टाफ Eyal Zamir ने साफ़ कहा है कि वे ईरान को परमाणु क्षेत्र या Strait of Hormuz में कोई बढ़त नहीं लेने देंगे। दूसरी तरफ अमेरिका ने ईरान की तेल कमाई रोकने के लिए समुद्र में नाकाबंदी शुरू कर दी है, जिससे पूरे इलाके में हलचल मच गई है।

इजराइल के चीफ ऑफ स्टाफ ने क्या चेतावनी दी है?

इजराइल के चीफ ऑफ स्टाफ Eyal Zamir ने 15 अप्रैल 2026 को बयान दिया कि वे ईरान को परमाणु क्षेत्र या हॉर्मुज़ जलडमरूमध्य में कोई फायदा नहीं उठाने देंगे। उन्होंने पहले ही कह दिया था कि साल 2026 निर्णायक साल होगा और इजराइल किसी भी वक्त लड़ाई में उतरने के लिए तैयार है। वह ईरान की बढ़ती ताकत को रोकने के लिए कड़े कदम उठाने की बात कह रहे हैं।

अमेरिका और ईरान की इस लड़ाई में क्या हो रहा है?

अमेरिकी राष्ट्रपति Donald Trump ने 13 अप्रैल 2026 को Strait of Hormuz पर समुद्री नाकाबंदी का ऐलान किया था। इसका मुख्य मकसद ईरान की तेल बिक्री से होने वाली कमाई को रोकना है ताकि उनके पास पैसा कम हो जाए। ईरान ने इस पर कड़ा जवाब दिया है और कहा है कि वह अपने बंदरगाहों की सुरक्षा खुद करेगा। ईरान का यह भी दावा है कि वह परमाणु हथियार नहीं बनाना चाहता और अंतरराष्ट्रीय एजेंसी की रिपोर्ट इसका सबूत हैं।

क्या इस विवाद से युद्ध छिड़ सकता है?

  • बातचीत: अमेरिका और ईरान के बीच अभी भी बिचौलियों के जरिए बातचीत चल रही है।
  • तैयारी: इजराइल ने अपनी सेना को पूरी तरह अलर्ट पर रखा है ताकि किसी भी हमले का जवाब दिया जा सके।
  • असर: अगर तनाव और बढ़ा तो समुद्री व्यापार और तेल की सप्लाई पर बड़ा असर पड़ेगा, जिससे आम लोगों को महंगाई का सामना करना पड़ सकता है।