Israel Democracy Institute (IDI) ने एक नया सर्वे किया है जिसमें यह बात सामने आई कि ज़्यादातर इसराइलवासी ईरान के साथ चल रही जंग को अभी खत्म करना सही नहीं मानते. लोगों का कहना है कि मौजूदा हालात में युद्ध रोकने से उनकी राष्ट्रीय सुरक्षा को कोई खास फायदा नहीं होगा.

इसराइल के लोग ईरान के साथ जंग खत्म करने के बारे में क्या सोचते हैं?

सर्वे के मुताबिक कुल 59 प्रतिशत लोगों का मानना है कि अभी जंग खत्म करना उनकी सुरक्षा के लिए सही नहीं होगा. अगर अलग-अलग समुदायों की बात करें तो 64 प्रतिशत यहूदी इसराइलवासी और 48.5 प्रतिशत अरब इसराइलवासी इस बात से सहमत हैं कि युद्ध का अंत उनकी सुरक्षा के हितों के साथ मेल नहीं खाता.

क्या इसराइल की सुरक्षा पर अमेरिका का असर है?

सर्वे में यह बात सामने आई कि 51 प्रतिशत इसराइलवासियों को लगता है कि उनके देश के बचाव के फैसलों पर इसराइल सरकार से ज़्यादा अमेरिका प्रशासन का प्रभाव रहता है. यहूदी इसराइलवासियों के बीच यह सोच अक्टूबर 2025 में 45 प्रतिशत थी जो अप्रैल 2026 तक बढ़कर 56.5 प्रतिशत हो गई है.

क्या भविष्य में फिर से बड़ा युद्ध हो सकता है?

करीब 62 प्रतिशत लोगों को लगता है कि ईरान के साथ फिर से बड़ा युद्ध शुरू होने की पूरी संभावना है. इसमें 64 प्रतिशत यहूदी और 52 प्रतिशत अरब इसराइलवासी शामिल हैं. इसके अलावा लोगों का अपनी राष्ट्रीय सुरक्षा को लेकर भरोसा भी कम हुआ है, जो मार्च में 47 प्रतिशत था और अप्रैल 2026 में गिरकर 39 प्रतिशत रह गया.

Frequently Asked Questions (FAQs)

यह सर्वे किसने और कब किया?

यह सर्वे Israel Democracy Institute के Viterbi Family Center ने 26 से 30 अप्रैल 2026 के बीच किया और इसके नतीजे 5 मई 2026 को जारी किए गए.

अमेरिकी राजनीति में इस मामले पर क्या अपडेट है?

6 मई 2026 को अमेरिका के 30 हाउस डेमोक्रेट्स ने विदेश मंत्री Marco Rubio को पत्र लिखकर इसराइल के परमाणु हथियारों की जानकारी देने की मांग की है.

Nura Basta

Nura Basta is the Editor at GulfHindi.com and a journalism graduate from IIMC Delhi. With more than 7 years of professional experience, he has worked with leading media organizations including Aaj Tak (2018–2021) and Gulf News (2021–2025). His reporting and editorial work primarily focus on Gulf news, current affairs, and issues relevant to the Indian diaspora. At GulfHindi.com, he is committed to providing credible, well-researched, and impactful content for Hindi readers in the Gulf.