West Bank के अर-राम इलाके में मंगलवार रात इसराइली सेना ने गोलीबारी की जिसमें एक फ़िलिस्तीनी मजदूर की मौत हो गई. मरने वाले शख्स की पहचान 44 साल के ज़कारिया अली मुहम्मद कादिस के रूप में हुई है. इस घटना के बाद इलाके में तनाव बढ़ गया है और हमास ने इस पर कड़ा विरोध जताया है.
ज़कारिया अली मुहम्मद कादिस की मौत कैसे हुई?
ज़कारिया अली मुहम्मद कादिस रामल्लाह के देइर कादिस गांव के रहने वाले थे. मंगलवार रात 12 मई 2026 को जब वह और एक अन्य मजदूर दीवार पार करने की कोशिश कर रहे थे, तब इसराइली सेना ने उन पर हमला किया. Palestinian Red Crescent Society ने बताया कि उनके पास जब शव पहुंचा तो ज़कारिया के सिर में गोली का घाव था, जिससे उनकी मौके पर ही मौत हो गई. इसी हमले में एक और फ़िलिस्तीनी मजदूर के पैर में गोली लगी है और वह घायल है.
हमास का बयान और वेस्ट बैंक के हालात
हमास ने बुधवार 13 मई को इस हत्या की कड़ी निंदा की. उन्होंने इसराइली सेना पर “फील्ड एग्जीक्यूशन” यानी मौके पर ही कत्ल करने का आरोप लगाया है. हमास का कहना है कि हिंसा का यह सिलसिला लगातार बढ़ रहा है और इससे फ़िलिस्तीनी प्रतिरोध कम नहीं होगा. आंकड़ों के मुताबिक, 2026 की शुरुआत से अब तक वेस्ट बैंक में 58 फ़िलिस्तीनियों की जान जा चुकी है, जिनमें 13 बच्चे और 6 महिलाएं शामिल हैं. यह सारी मौतें इसराइली सैनिकों और कॉलोनाइज़र की कार्रवाई में हुई हैं.
Frequently Asked Questions (FAQs)
ज़कारिया अली मुहम्मद कादिस कौन थे और उनकी मौत कहां हुई?
वह रामल्लाह के देइर कादिस गांव के 44 वर्षीय मजदूर थे, जिनकी मौत मंगलवार रात अर-राम में अपार्टमेंट वॉल के पास इसराइली सेना की गोलीबारी से हुई.
वेस्ट बैंक में इस साल अब तक कितनी मौतें हुई हैं?
साल 2026 की शुरुआत से अब तक वेस्ट बैंक में 58 फ़िलिस्तीनियों की मौत हो चुकी है, जिनमें 13 बच्चे और 6 महिलाएं शामिल हैं.
