लेबनान के दक्षिणी इलाके में इसराइल ने फिर से हवाई हमले शुरू कर दिए हैं। ताजा रिपोर्ट के मुताबिक 27 अप्रैल को हुए हमलों में 4 लोगों की मौत हो गई और 51 लोग घायल हुए हैं। यह घटना ऐसे समय में हुई है जब दोनों पक्षों के बीच युद्ध विराम का समझौता लागू था।
हमलों में कितना नुकसान हुआ और कौन लोग प्रभावित हुए?
लेबनान के स्वास्थ्य मंत्रालय ने बताया कि 27 अप्रैल को हुए हमलों में एक महिला की मौत हुई और घायलों में 3 बच्चे और 6 महिलाएं शामिल हैं। इससे पहले 26 अप्रैल को भी भारी हमले हुए थे जिसमें 14 लोगों की जान गई थी और 37 लोग घायल हुए थे। इसराइल ने पहली बार युद्ध विराम के बाद बेका घाटी (Bekaa Valley) को भी अपना निशाना बनाया है।
इसराइल और हिजबुल्लाह के बीच क्या विवाद है?
- युद्ध विराम: अमेरिका की मदद से 16 अप्रैल को युद्ध विराम शुरू हुआ था जिसे तीन हफ्ते के लिए बढ़ाया गया था।
- इसराइल का पक्ष: प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने हिजबुल्लाह पर समझौते को तोड़ने का आरोप लगाया। रक्षा मंत्री इसराइल काट्ज़ ने जमीन पर सेना भेजने की पुष्टि की है।
- हिजबुल्लाह का रुख: महासचिव नईम कासिम ने कहा कि जब तक इसराइल हमले करेगा वे अपने हथियार नहीं छोड़ेंगे।
- लेबनान सरकार: राष्ट्रपति जोसेफ औन ने कहा कि वे युद्ध खत्म करने के लिए सीधी बातचीत करना चाहते हैं।
संयुक्त राष्ट्र (UN) की रिपोर्ट में क्या सामने आया?
यूएन प्रवक्ता स्टीफन दुजारिक ने बताया कि 26 अप्रैल को इसराइल की तरफ से 299 बार फायरिंग की गई जो युद्ध विराम के बाद सबसे ज्यादा है। यूएन की शांति सेना (UNIFIL) ने दोनों पक्षों से संयम बरतने की अपील की है। वर्तमान में करीब 1.15 लाख लोग अपने घरों से बेघर होकर शेल्टर में रह रहे हैं।