दक्षिणी लेबनान में तैनात Israel Defense Forces (IDF) के जवानों पर Hezbollah ने रॉकेट हमले किए। इस घटना के बाद उत्तरी इसराइल के इलाकों में सायरन बजाए गए और सेना ने हवा में संदिग्ध लक्ष्यों को नष्ट किया। हालांकि इस रॉकेट हमले में कोई सैनिक घायल नहीं हुआ, लेकिन सीमा पर तनाव एक बार फिर बढ़ गया है।

हमले की पूरी जानकारी और नुकसान का ब्यौरा

  • बुधवार, 13 मई 2026 को Hezbollah ने दक्षिणी लेबनान में काम कर रहे इसराइल सैनिकों की ओर रॉकेट दागे।
  • ये रॉकेट सैनिकों के बिल्कुल करीब गिरे, लेकिन इस घटना में कोई हताहत नहीं हुआ।
  • उत्तरी इसराइल के Zar’it और Avivim इलाकों में सुरक्षा प्रोटोकॉल के तहत सायरन बजाए गए।
  • इसी दौरान 13 मई की सुबह एक धमाके वाले ड्रोन हमले में दो इसराइली सैनिक घायल हो गए।

ceasefire की स्थिति और लेबनान का दावा

17 अप्रैल 2026 को अमेरिका की मदद से एक ceasefire हुआ था, जिसे मई के मध्य तक बढ़ाया गया था। इस बीच लेबनान के स्वास्थ्य मंत्री Rakan Nassereddine ने मंगलवार, 12 मई को एक रिपोर्ट पेश की। उनके अनुसार, ceasefire के बाद से अब तक 380 लोग मारे गए और 1,122 घायल हुए हैं, जिनमें 39 महिलाएं और 22 बच्चे शामिल हैं। उन्होंने इस समझौते को कमजोर बताया। वहीं, लेबनान और इसराइल के बीच 14 और 15 मई 2026 को वाशिंगटन में बातचीत होनी है।

इसराइल की चेतावनी और नए एक्शन

IDF ने दक्षिणी लेबनान के सात गांवों में रहने वाले लोगों को वहां से निकलने की चेतावनी दी है। इन गांवों के नाम Maashouq, Jarjouaa, Yanouh, Burj al-Shamali, Hallousiyyeh al-Faouqa, Debaal और Aabbasiyyeh हैं। सेना के प्रवक्ता Col. Avichay Adraee ने कहा कि Hezbollah द्वारा ceasefire के नियमों को तोड़ने की वजह से सेना को बल प्रयोग करना पड़ रहा है। उन्होंने निवासियों को कम से कम एक किलोमीटर दूर जाने की सलाह दी है ताकि वे हवाई हमलों से बच सकें।

Frequently Asked Questions (FAQs)

लेबनान और इसराइल के बीच बातचीत कब होगी?

दोनों देशों के बीच 14 और 15 मई 2026 को अमेरिका की राजधानी वाशिंगटन में बातचीत होनी तय हुई है।

ceasefire के बाद से लेबनान में कितने लोग मारे गए?

लेबनान के स्वास्थ्य मंत्री के मुताबिक, 17 अप्रैल के ceasefire के बाद से अब तक 380 लोगों की मौत हुई है और 1,122 लोग घायल हुए हैं।

Aanya

Aanya is Ex IndiaTV Journalist. She covers Expats oriented news, views and interviews With deep understanding of what Hindi Speaking people needs as updates in daily life to avoid fines, comply rules and stay updated.