इसराइल और लेबनान के बीच चल रहा सीजफायर अब खतरे में दिख रहा है। 27 अप्रैल 2026 को इसराइल ने दक्षिणी लेबनान में भारी गोलाबारी की जिससे कई लोग मारे गए। यह दिन सीजफायर शुरू होने के बाद से अब तक का सबसे घातक दिन साबित हुआ है।

हमले में कितना नुकसान हुआ और क्या हुआ?

लेबनान के स्वास्थ्य मंत्रालय के मुताबिक, इसराइल के हमलों में 14 लोगों की जान गई है, जिनमें दो महिलाएं और दो बच्चे भी शामिल हैं। इसके अलावा 37 लोग घायल हुए हैं। इसराइल के विमानों ने Kfar Tibnit और Zawtar al-Sharqiyah जैसे इलाकों को निशाना बनाया, जहां एक मस्जिद और एक धार्मिक इमारत पूरी तरह तबाह हो गई। दूसरी तरफ, इसराइल ने बताया कि उनके एक सैनिक की मौत हो गई और छह अन्य घायल हुए हैं।

इसराइल और हिज़्बुल्लाह ने एक-दूसरे पर क्या आरोप लगाए?

प्रधानमंत्री Benjamin Netanyahu ने कहा कि हिज़्बुल्लाह की हरकतों की वजह से सीजफायर खत्म हो रहा है। उन्होंने साफ किया कि इसराइल अपनी सुरक्षा के लिए जरूरी कदम उठा रहा है। इसराइल की सेना ने दक्षिणी लेबनान के सात शहरों के लोगों को वहां से निकलने और उत्तर या पश्चिम की तरफ जाने का आदेश दिया है। वहीं, हिज़्बुल्लाह ने कहा कि जब तक इसराइल लेबनान की जमीन पर कब्जा रखेगा, वे अपने हमले बंद नहीं करेंगे। हिज़्बुल्लाह ने इसराइल के सैनिकों पर एंटी-टैंक मिसाइल से हमला भी किया है।

सीजफायर और अंतरराष्ट्रीय संगठनों का क्या कहना है?

  • सीजफायर की स्थिति: अमेरिका की मदद से 16 अप्रैल 2026 को सीजफायर हुआ था, जिसे 23 अप्रैल को तीन हफ्ते और बढ़ाया गया था।
  • UN का रुख: संयुक्त राष्ट्र के महासचिव ने सीजफायर के विस्तार का स्वागत किया और सभी से अंतरराष्ट्रीय कानून का पालन करने की अपील की।
  • पुराना विवाद: इससे पहले 15 अप्रैल को UN के विशेषज्ञों ने इसराइल की 8 अप्रैल वाली कार्रवाई को अवैध और UN चार्टर का उल्लंघन बताया था।
Nura Basta

Nura Basta is the Editor at GulfHindi.com and a journalism graduate from IIMC Delhi. With more than 7 years of professional experience, he has worked with leading media organizations including Aaj Tak (2018–2021) and Gulf News (2021–2025). His reporting and editorial work primarily focus on Gulf news, current affairs, and issues relevant to the Indian diaspora. At GulfHindi.com, he is committed to providing credible, well-researched, and impactful content for Hindi readers in the Gulf.