Israel-Lebanon War: 50 दिनों में 2294 मौतें, सीजफायर के बीच फिर चली गोली, एक इजरायली सैनिक मारा गया
इसराइल और लेबनान के बीच जारी जंग ने बहुत बुरा रूप ले लिया है। पिछले 50 दिनों में लेबनान में करीब 2,300 लोगों की जान जा चुकी है। हालांकि दोनों देशों के बीच अमेरिका की मदद से 10 दिनों का अस्थायी सीजफायर हुआ था, लेकिन अब फिर से हिंसा शुरू हो गई है जिससे आम लोग काफी डरे हुए हैं।
युद्ध में अब तक कितना नुकसान हुआ और क्या है ताजा स्थिति?
लेबनान के स्वास्थ्य मंत्रालय ने बताया कि 2 मार्च से 16 अप्रैल तक इस जंग में 2,294 लोग मारे गए और 7,544 घायल हुए। इसमें 177 बच्चे और 100 पैरामेडिक्स भी शामिल हैं। वहीं इसराइल के अब तक कुल 15 सैनिक मारे गए हैं।
| विवरण | आंकड़े |
|---|---|
| कुल मौतें (लेबनान) | 2,294 |
| कुल घायल (लेबनान) | 7,544 |
| मारे गए बच्चे | 177 |
| मारे गए पैरामेडिक्स | 100 |
| मारे गए इजरायली सैनिक | 15 |
| विस्थापित लोग | 10 लाख से ज़्यादा |
| स्वास्थ्य केंद्रों पर हमले | 133 |
सीजफायर के बाद भी क्यों हो रहे हैं हमले?
17 अप्रैल से लागू हुए सीजफायर के बावजूद हिंसा नहीं रुकी। 19 अप्रैल को दक्षिण लेबनान में एक इजरायली रिजर्व सैनिक मारा गया और 9 अन्य घायल हुए। इसराइल ने दक्षिण लेबनान में ‘Yellow Line’ बना दी है और दावा किया है कि खतरा महसूस होने पर वह हमला करेगा। दूसरी तरफ Hezbollah ने कहा है कि जब तक इजरायली सेना पूरी तरह वापस नहीं जाती, वे जवाबी कार्रवाई के लिए तैयार रहेंगे।
आम जनता और अस्पतालों का क्या हाल है?
UN की संस्था OCHA के मुताबिक 10 लाख से ज्यादा लोग अपने घरों को छोड़कर भाग चुके हैं। WHO ने बताया कि अस्पतालों और स्वास्थ्य केंद्रों पर 133 हमले हुए, जिनमें 80 से ज्यादा स्वास्थ्यकर्मी मारे गए। इस वजह से 6 अस्पताल और 55 प्राइमरी हेल्थ सेंटर बंद करने पड़े हैं, जिससे इलाके में इलाज मिलना बहुत मुश्किल हो गया है।