Lebanon Conflict: इसराइल ने लेबनान में बनाई ‘येलो लाइन’, सीमा पार करने वाले शख्स को किया ढेर, ceasefire के बाद भी तनाव बढ़ा
लेबनान के दक्षिणी हिस्से में इसराइल की सेना ने एक नई ‘येलो लाइन’ बना दी है। इसराइल का दावा है कि इस लाइन को पार करने वाले एक हथियारबंद व्यक्ति को उन्होंने मार गिराया। यह सब तब हो रहा है जब दोनों देशों के बीच युद्धविराम (ceasefire) लागू है, लेकिन सीमा पर हालात अब भी तनावपूर्ण बने हुए हैं।
क्या है इसराइल की ‘येलो लाइन’ और इसका मकसद क्या है?
इसराइल की सेना ने लेबनान के इलाके में जिसे ‘Forward Defence Line’ या ‘येलो लाइन’ कहा जा रहा है, उसका एक नक्शा जारी किया है। यह लाइन लेबनान की सीमा के अंदर 4 से 12 किलोमीटर तक फैली हुई है। इसराइल का कहना है कि वह इस इलाके का इस्तेमाल Hezbollah के ठिकानों को खत्म करने और अपनी सुरक्षा के लिए कर रहा है। उनका मानना है कि आत्मरक्षा में की गई कार्रवाई युद्धविराम के नियमों के खिलाफ नहीं है।
सीमा पर हालिया हमले और दुनिया की प्रतिक्रिया
पिछले 24 घंटों में इसराइल ने हवा और जमीन से कई हमले किए हैं। वहीं, UNIFIL शांति सैनिकों पर भी हमला हुआ है जिसमें एक फ्रांसीसी सैनिक की मौत हो गई और तीन घायल हो गए। Hezbollah के नेता नईम कासिम ने चेतावनी दी है कि अगर इसराइल ने अपनी हरकतें बंद नहीं कीं, तो वे इसका जवाब देंगे। वहीं, अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने 10 दिन का युद्धविराम लागू करवाया था और इसराइल को बमबारी न करने के लिए कहा था।
| संस्था/व्यक्ति | भूमिका और स्थिति |
|---|---|
| Israeli Military (IDF) | येलो लाइन बनाई और सीमा पार करने वालों पर हमला किया |
| Hezbollah | इसराइल की कार्रवाई का विरोध और जवाबी हमले की चेतावनी दी |
| Lebanese Government | क्षतिग्रस्त सड़कों की मरम्मत की और सीधी बातचीत की मांग की |
| UNIFIL | शांति सेना पर हमला हुआ, एक फ्रांसीसी सैनिक की जान गई |
| Donald Trump | 10 दिन का युद्धविराम लागू करवाने में मुख्य भूमिका निभाई |
| Emmanuel Macron | शांति सैनिकों पर हुए हमले की कड़ी निंदा की |
| Antonio Guterres | अंतरराष्ट्रीय कानून के उल्लंघन पर चिंता जताई |