इसराइल की सेना ने शुक्रवार को वेस्ट बैंक के कब्जे वाले इलाकों में बड़ी छापेमारी की। नबलुस शहर में इस सैन्य कार्रवाई के दौरान तीन फिलिस्तीनियों को गिरफ्तार किया गया। फिलिस्तीनी समाचार एजेंसी Wafa ने इस घटना की पुष्टि की है। इलाके में तनाव बना हुआ है और सेना लगातार अभियान चला रही है।
नबलुस में क्या हुआ और कितने लोग गिरफ्तार हुए?
शुक्रवार को इसराइली सेना ने वेस्ट बैंक के कई हिस्सों में छापे मारे जिसमें नबलुस शहर से तीन लोगों को हिरासत में लिया गया। इससे पहले 24 अप्रैल को भी नबलुस में बड़ी कार्रवाई हुई थी जिसमें आठ फिलिस्तीनियों को पकड़ा गया था। उस दौरान एक किशोर यूसेफ सामह श्टय्याह की मौत हो गई थी, जिसे सेना की गोली लगी थी। इसराइली सेना ने कहा कि उन्होंने संदिग्धों को पकड़ने की प्रक्रिया के दौरान फायरिंग की थी।
पिछले एक हफ्ते में कितनी हिंसा हुई?
फिलिस्तीनी इंफॉर्मेशन सेंटर ‘Mu’ta’ की रिपोर्ट के मुताबिक पिछले एक हफ्ते में कुल 1,190 उल्लंघन दर्ज किए गए। इस दौरान 6 फिलिस्तीनियों की जान गई और 103 लोगों को गिरफ्तार किया गया। सेना ने 175 बार बस्तियों में प्रवेश किया और 203 घरों पर छापेमारी की। रिपोर्ट में यह भी बताया गया कि 26 संपत्तियों को नुकसान पहुँचाया गया और 5 घरों को पूरी तरह गिरा दिया गया।
जेलों में बंद कैदियों की क्या स्थिति है?
फिलिस्तीनी कैदियों की संस्थाओं के मुताबिक इसराइली जेलों में अब 9,600 से ज़्यादा राजनीतिक कैदी बंद हैं। यह संख्या पहले के मुकाबले 83 प्रतिशत बढ़ गई है। इन कैदियों में करीब 350 नाबालिग बच्चे शामिल हैं। इसके अलावा 3,532 ऐसे लोग हैं जिन्हें बिना किसी ट्रायल या आरोप के ‘एडमिनिस्ट्रेटिव डिटेंशन’ के तहत रखा गया है।