इसराइल ने लेबनान की राजधानी बेरूत के दक्षिणी इलाके दाहीये में हवाई हमला किया है। इस हमले में कम से कम तीन लोगों की मौत हो गई और कई लोग घायल हुए हैं। इस घटना के बाद ईरान ने सख्त चेतावनी दी है कि वह इस हमले को बर्दाश्त नहीं करेगा।

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ईरान की सुप्रीम नेशनल सिक्योरिटी काउंसिल (SNSC) के सचिव Mohammad Bagher Zolghadr ने कहा कि लेबनान उनकी जीवनरेखा है और ईरान की ‘लाल रेखा’ का उल्लंघन बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। वहीं ईरान की सेना के बड़े अधिकारी Mohammad Jafar Asadi ने साफ किया कि इन अपराधों का जवाब जरूर दिया जाएगा।

दूसरी तरफ, इसराइल के प्रधानमंत्री Benjamin Netanyahu और रक्षा मंत्री Israel Katz ने एक साझा बयान जारी किया। उन्होंने कहा कि इसराइल अपने इलाके में होने वाली किसी भी फायरिंग को बर्दाश्त नहीं करेगा। इसराइल का दावा है कि यह हमला हिजबुल्लाह द्वारा उसके इलाके में भेजे गए ड्रोनों के जवाब में किया गया है।

इस मामले में अमेरिका के राष्ट्रपति Donald Trump ने इसराइल के इस कदम की आलोचना की है। उन्होंने कहा कि यह हमला नहीं होना चाहिए था क्योंकि इससे ईरान के साथ होने वाले शांति समझौते में देरी होगी। उन्होंने सभी पक्षों से शांत रहने की अपील की है।

ईरानी संसद के स्पीकर Mohammad Bagher Ghalibaf ने कहा कि इस हमले से यह बात सामने आई कि अमेरिका या तो अपनी प्रतिबद्धताएं पूरी करने की इच्छा नहीं रखता या उसमें क्षमता नहीं है। हालांकि, ईरान के राष्ट्रपति Masoud Pezeshkian ने बातचीत के रास्ते का समर्थन किया है और कतर का एक प्रतिनिधिमंडल इस समझौते को आगे बढ़ाने के लिए तेहरान में मौजूद है।

फिलहाल इसराइल की सेना ईरान की तरफ से होने वाली किसी भी जवाबी मिसाइल हमले के लिए तैयारी कर रही है। तनाव बढ़ने के बावजूद कूटनीतिक कोशिशें जारी हैं ताकि मामले को और बिगड़ने से रोका जा सके।

Aanya

Aanya is Ex IndiaTV Journalist. She covers Expats oriented news, views and interviews With deep understanding of what Hindi Speaking people needs as updates in daily life to avoid fines, comply rules and stay updated.