इसराइल सरकार ने दुनिया के मशहूर अखबार New York Times पर मानहानि का मुकदमा करने का फैसला किया है। यह पूरा विवाद एक आर्टिकल को लेकर शुरू हुआ जिसमें पैलेस्टिनी कैदियों के साथ इसराइली सेना द्वारा यौन हिंसा के गंभीर आरोप लगाए गए थे। इसराइल के प्रधानमंत्री ने इस रिपोर्ट को पूरी तरह गलत बताया है और इसे देश की छवि बिगाड़ने की कोशिश कहा है।

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New York Times के आर्टिकल में क्या लिखा था?

Nicholas Kristof नाम के कॉलमनिस्ट ने 11 मई 2026 को एक लेख छापा था जिसका नाम “The Silence That Meets the Rape of Palestinians” था। इस लेख में दावा किया गया कि इसराइली सैनिकों, बस्तियों में रहने वाले लोगों, जेल गार्डों और सुरक्षा एजेंसी Shin Bet के अधिकारियों ने पैलेस्टिनी पुरुषों, महिलाओं और बच्चों के साथ यौन हिंसा की। आर्टिकल में 14 लोगों के बयानों का जिक्र था जिन्होंने मारपीट और यौन शोषण की बातें बताई थीं। लेख में कहा गया कि हालांकि इसके पुख्ता सबूत नहीं हैं कि बड़े नेताओं ने ऐसा करने का आदेश दिया, लेकिन यह वहां का एक तरीका बन चुका है।

इसराइल सरकार ने इस पर क्या एक्शन लिया?

इस रिपोर्ट के आने के बाद 14 मई 2026 को प्रधानमंत्री Benjamin Netanyahu और विदेश मंत्री Gideon Sa’ar ने संयुक्त रूप से मुकदमा करने का ऐलान किया। प्रधानमंत्री ने अपने कानूनी सलाहकारों को निर्देश दिए कि इस अखबार और लेखक के खिलाफ सबसे सख्त कानूनी कार्रवाई की जाए। उन्होंने इस लेख को “खून का कलंक” (blood libel) बताया और कहा कि यह इसराइल के खिलाफ फैलाया गया एक घटिया झूठ है। इसराइल के विदेश मंत्रालय ने आरोप लगाया कि अखबार ने यह लेख जानबूझकर तब छापा जब इसराइल हमास द्वारा 7 अक्टूबर 2023 को की गई यौन हिंसा पर अपनी रिपोर्ट लाने वाला था। वहीं, इसराइल प्रिज़न सर्विस ने इन सभी आरोपों को पूरी तरह निराधार बताया है।

New York Times और कानूनी विशेषज्ञों की राय क्या है?

New York Times के प्रवक्ता Charlie Stadtlander ने अखबार का बचाव करते हुए कहा कि इस खबर को बहुत गहराई से रिपोर्ट किया गया था। उन्होंने बताया कि जिन 14 लोगों के इंटरव्यू लिए गए, उनके बयानों की पुष्टि गवाहों, परिवार के सदस्यों और वकीलों से की गई और सभी जानकारियों की अच्छे से जांच की गई। दूसरी ओर, कानूनी जानकारों का मानना है कि अमेरिका के कानूनों के तहत सरकारी संस्थाओं के लिए मानहानि का मुकदमा जीतना काफी मुश्किल होता है और सबूत पेश करने की पूरी जिम्मेदारी शिकायत करने वाले पक्ष की होती है।

Frequently Asked Questions (FAQs)

इसराइल सरकार New York Times पर केस क्यों कर रही है?

अखबार में एक लेख छपा था जिसमें दावा किया गया था कि इसराइली सेना और जेल गार्डों ने पैलेस्टिनी कैदियों के साथ यौन हिंसा की है। इसराइल सरकार इसे झूठ और मानहानि मान रही है।

New York Times ने अपने लेख का बचाव कैसे किया?

अखबार ने कहा कि लेख पूरी तरह फैक्ट-चेक किया गया था और इसमें शामिल 14 लोगों की बातों की पुष्टि अन्य गवाहों और वकीलों से की गई थी।

Nura Basta

Nura Basta is the Editor at GulfHindi.com and a journalism graduate from IIMC Delhi. With more than 7 years of professional experience, he has worked with leading media organizations including Aaj Tak (2018–2021) and Gulf News (2021–2025). His reporting and editorial work primarily focus on Gulf news, current affairs, and issues relevant to the Indian diaspora. At GulfHindi.com, he is committed to providing credible, well-researched, and impactful content for Hindi readers in the Gulf.