West Bank Attack: इसराइली बसने वालों ने घर जलाकर 8 लोगों को किया घायल, 2 फिलिस्तीनियों की मौत
वेस्ट बैंक में हिंसा एक बार फिर बढ़ गई है। इसराइल के बसने वालों (settlers) ने एक फिलिस्तीनी परिवार के घर में आग लगा दी और उन्हें बाहर निकलने से भी रोका। इस हमले में एक साल के बच्चे समेत आठ लोग घायल हुए हैं। इसके अलावा अलग-अलग इलाकों में हिंसा के दौरान कई और लोग मारे गए हैं।
अल-मुगय्यर गांव में क्या हुआ
अल-मुगय्यर गांव के एक स्कूल में इसराइली बसने वालों के हमले के दौरान दो फिलिस्तीनी मारे गए। मरने वालों में 14 साल का Aws Al-Naasan और 32 साल का Jihad Abu Naim शामिल थे। फिलिस्तीन के हेल्थ मिनिस्ट्री ने इन मौतों की पुष्टि की है। इसराइली सेना ने कहा कि यह मामला जांच के दायरे में है और एक रिजर्व सैनिक ने संदिग्धों पर गोली चलाई थी। इस सैनिक को ड्यूटी से सस्पेंड कर दिया गया है लेकिन उसे गिरफ्तार नहीं किया गया है।
हिंसा का बढ़ता दायरा और आंकड़े
22 अप्रैल 2026 को गाजा और वेस्ट बैंक में कुल 11 फिलिस्तीनियों की मौत की खबर आई है। UN की संस्था OCHA के मुताबिक, 2026 में बसने वालों की हिंसा बहुत बढ़ गई है। मार्च और अप्रैल के शुरुआती दिनों में 580 से ज्यादा हमले हुए हैं। मार्च महीने में ही करीब 170 फिलिस्तीनी घायल हुए, जो 2006 के बाद सबसे ज्यादा है। केवल एक हफ्ते के भीतर 36 समुदायों में 47 हमले दर्ज किए गए।
दुनिया भर से क्या प्रतिक्रिया आई
तुर्की के विदेश मंत्रालय ने इन हमलों की कड़ी निंदा की है और अंतरराष्ट्रीय समुदाय से जवाबदेही मांगी है। फिलिस्तीन की प्रेसीडेंसी ने इसे आतंकी हमला बताया है। वहीं, Human Rights Watch ने चेतावनी दी है कि वेस्ट बैंक में हिंसा और विस्थापन अब ‘एथनिक क्लींजिंग’ का रूप ले रहा है। संस्था ने कहा कि बसने वाले अब परिवारों पर उनके घरों में ही हमला कर रहे हैं और गाड़ियों व मकानों को आग लगा रहे हैं।