जापान अपनी नौसेना को होर्मुज जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) में भेजने पर गंभीरता से विचार कर रहा है. यह कदम अमेरिका और ईरान के बीच हुए हालिया समझौते के बाद उठाया गया है. जापान के लिए यह समुद्री रास्ता बहुत जरूरी है क्योंकि उसके तेल आयात का लगभग 93 प्रतिशत हिस्सा इसी रास्ते से आता है.

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अमेरिका और ईरान के बीच समझौता

अमेरिका और ईरान ने 18 जून 2026 को एक समझौते पर हस्ताक्षर किए ताकि उनके बीच चल रहे सशस्त्र संघर्ष को खत्म किया जा सके. इस समझौते में अंतिम शांति डील के लिए 60 दिनों का समय तय किया गया है. जापान ने इस फैसले का स्वागत किया और उम्मीद जताई कि होर्मुज जलडमरूमध्य में जहाजों का आवागमन फिर से सुरक्षित और आसान हो जाएगा.

जापान की शर्तें और सरकार का रुख

जापान के प्रधानमंत्री Sanae Takaichi ने नौसेना की माइन्सवीपिंग (समुद्री बारूदी सुरंगें हटाने वाली) यूनिट्स को वहां भेजने पर विचार शुरू किया है. हालांकि, रक्षा मंत्री Shinjiro Koizumi ने 16, 18 और 23 जून 2026 को अपने बयानों में साफ किया कि अभी तक तैनाती का कोई अंतिम फैसला नहीं हुआ है. उन्होंने कहा कि किसी भी फैसले से पहले स्थिति की बारीकी से जांच की जाएगी.

जापान ने सेना भेजने के लिए तीन मुख्य शर्तें रखी हैं:

  • अमेरिका और ईरान के बीच युद्धविराम (Ceasefire) का समझौता होना चाहिए.
  • ईरानी पक्ष के साथ बातचीत के भरोसेमंद रास्ते खुलने चाहिए.
  • उस इलाके में खतरों में कमी आनी चाहिए.

संवैधानिक पाबंदियां और चुनौतियां

जापान का संविधान युद्ध के खिलाफ है और सेना के इस्तेमाल को केवल आत्मरक्षा तक सीमित रखता है. इस वजह से विदेश में सैन्य अभियान चलाना मुश्किल होता है. नियमों के मुताबिक, माइन्सवीपिंग या जहाजों को सुरक्षा देने का काम केवल युद्धविराम के बाद ही कानूनी माना जाएगा. जापान के पास माइन्सवीपिंग के लिए 16 आधुनिक जहाज मौजूद हैं.

आम जनता और अर्थव्यवस्था पर असर

फरवरी 2026 के अंत से अमेरिका और इसराइल के ईरान के खिलाफ युद्ध शुरू होने के बाद से होर्मुज जलडमरूमध्य लगभग बंद रहा है. इस वजह से जापान के तेल टैंकरों का आना-जाना रुक गया था, जिससे जापान जैसे संसाधन-विहीन देश के लिए बड़ी चिंता पैदा हो गई. जापान चाहता है कि उसके सैनिकों की सुरक्षा से समझौता किए बिना तेल की सप्लाई को दोबारा शुरू किया जा सके.

Sushma Kumari

Shushma covers Stories Around Expats and Helpful Contents Related to Daily life of Public. She completed Mass Communication Degree From Makhan lal Chaturvedi College Bhopal and Has 3 years of Field Experience. Earlier She Worked with Jagran Media Patna Office and Now Working with GulfHindi.com