जेद्दा के समुद्र तट पर मछली पकड़ना अब बिना परमिट के भारी पड़ सकता है. हाल ही में बॉर्डर गार्ड ने दो लोगों को नियमों की धज्जियां उड़ाते हुए पकड़ा है. सऊदी अरब में समुद्री जीवों और पर्यावरण को बचाने के लिए अब नियमों को लेकर काफी सख्ती बढ़ा दी गई है.

जेद्दा में बिना परमिट मछली पकड़ने वालों पर गिरी गाज

मक्का क्षेत्र के जेद्दा में बॉर्डर गार्ड (Border Guard) की तटीय पेट्रोल ने दो सऊदी नागरिकों को पकड़ा है. ये लोग बिना जरूरी परमिट के मछली पकड़ रहे थे. जांच में पाया गया कि इन्होंने समुद्री गतिविधियों के लिए बनाए गए सुरक्षा और सुरक्षा नियमों (Security and Safety Regulations for Marine Activity Practitioners) का उल्लंघन किया था. पकड़े गए लोगों के खिलाफ संबंधित अधिकारियों के साथ मिलकर कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी गई है.

क्या हैं नियम और किन चीज़ों का इस्तेमाल है मना

सऊदी अरब में मछली पकड़ने के लिए सरकार ने सख्त कानून बनाए हैं ताकि समुद्री इकोसिस्टम बना रहे. इसके मुख्य नियम इस प्रकार हैं:

  • परमिट जरूरी: किसी भी समुद्री गतिविधि के लिए Absher प्लेटफॉर्म या संबंधित सरकारी विभाग से परमिट लेना अनिवार्य है.
  • प्रतिबंधित औजार: बहुत बारीक छेद वाले जाल, कुछ खास इलाकों में समुद्री राइफल और विस्फोटक या केमिकल का इस्तेमाल पूरी तरह मना है, क्योंकि ये कोरल रीफ को तबाह कर देते हैं.
  • सजा के प्रावधान: नियम तोड़ने पर भारी आर्थिक जुर्माना लग सकता है, मछली पकड़ने के उपकरण जब्त हो सकते हैं और कुछ मामलों में जहाज का लाइसेंस हमेशा के लिए रद्द किया जा सकता है.

नियम तोड़ने की शिकायत कैसे करें

बॉर्डर गार्ड ने जनता से अपील की है कि वे समुद्री पर्यावरण या वन्यजीवों को नुकसान पहुंचाने वालों की जानकारी तुरंत दें. मक्का, मदीना, रियाद और पूर्वी प्रांत में रहने वाले लोग 911 पर कॉल कर सकते हैं. किंगडम के अन्य इलाकों में 994, 999 और 996 नंबरों पर सूचना दी जा सकती है. अधिकारियों ने भरोसा दिलाया है कि शिकायत करने वाले की पहचान पूरी तरह गुप्त रखी जाएगी.

Frequently Asked Questions (FAQs)

सऊदी अरब में मछली पकड़ने का परमिट कहाँ से मिलता है?

मछली पकड़ने के लिए जरूरी परमिट Absher प्लेटफॉर्म या संबंधित सरकारी अधिकारियों के माध्यम से प्राप्त किया जा सकता है.

समुद्री नियमों का उल्लंघन करने पर क्या जुर्माना हो सकता है?

नियम तोड़ने पर आर्थिक जुर्माना, उपकरणों की जब्ती और नाव का लाइसेंस वापस लेने जैसी कार्रवाई की जा सकती है.