झारखंड के बगोदर, बोकारो और हजारीबाग के रहने वाले 11 मजदूर दुबई से सुरक्षित भारत लौट आए हैं। ये लोग वहां एक कंपनी के झांसे में फंस गए थे और पिछले कुछ महीनों से परेशान चल रहे थे। बुधवार को कोलकाता एयरपोर्ट पहुंचने पर इन मजदूरों ने राहत की सांस ली है। अभी भी तीन मजदूर वहां फंसे हुए हैं, जिनकी वापसी के लिए भारतीय दूतावास लगातार कोशिश कर रहा है।

अच्छी सैलरी का लालच देकर भेजा गया था दुबई

इन मजदूरों को दुबई की EMC Electromechanical Co LLC कंपनी में काम करने के लिए भेजा गया था। एजेंट ने इन्हें बताया था कि वहां 1600 दिरहम यानी करीब 36 हजार रुपये महीना सैलरी मिलेगी। लेकिन वहां पहुंचने पर इन्हें केवल 1000 दिरहम दिया जाने लगा। इसके साथ ही कंपनी ने ओवरटाइम के पैसे भी नहीं दिए और इनके पासपोर्ट भी जब्त कर लिए। नियमों के मुताबिक मजदूरों से एयर टिकट का पैसा भी सैलरी से काटा जा रहा था जो कि गलत है।

वीडियो वायरल होने के बाद हुई कार्रवाई

परेशान होकर मजदूरों ने अपनी आपबीती का एक वीडियो बनाकर सोशल मीडिया पर डाला था। इसके बाद समाजसेवी Sikandar Ali ने इस मामले को उठाया और सरकार तक बात पहुंचाई। मामला बढ़ने पर झारखंड सरकार और दुबई में मौजूद भारतीय दूतावास ने दखल दिया। दूतावास की मदद से इन मजदूरों के पासपोर्ट वापस मिले और घर वापसी का रास्ता साफ हुआ। बताया जा रहा है कि कंपनी ने पुराने बकाया वेतन के तौर पर करीब 5.55 लाख रुपये का भुगतान भी किया है ताकि मामला सुलझ सके।

Praggya Singh sabal

Journalist from Noida. Covering Delhi, NCR and National Updates.