कुवैत के बैंकों ने 2026 की पहली तिमाही में शानदार प्रदर्शन किया है। इन बैंकों ने मिलकर कुल 409 मिलियन दीनार का शुद्ध मुनाफा कमाया है। इस दौरान उनकी कुल कमाई में 7.4 फीसदी की बढ़ोतरी देखी गई है, जिससे बैंकिंग सेक्टर की मजबूती सामने आई है।
रिपोर्ट के मुताबिक, बैंकिंग सेक्टर की कुल ऑपरेटिंग रेवेन्यू 1.16 बिलियन दीनार रही। यह नतीजे बताते हैं कि कुवैत के बैंक बदलते आर्थिक हालात के हिसाब से खुद को ढालने में कामयाब रहे हैं। इस बढ़त के पीछे क्रेडिट एक्टिविटी का बढ़ना और फाइनेंसिंग में हुई वृद्धि मुख्य कारण रहे हैं।
सेंट्रल बैंक के नियम और मदद
Central Bank of Kuwait (CBK) ने इस दौरान बैंकिंग सेक्टर को संभालने में बड़ी भूमिका निभाई। CBK ने पहली तिमाही के दौरान डिस्काउंट रेट को 3.5% पर बरकरार रखा। इसके अलावा, 26 मार्च 2026 को सेंट्रल बैंक ने कुछ राहत उपाय लागू किए जिससे बैंकों की लिक्विडिटी और वित्तीय स्थिरता को सहारा मिला। इन उपायों के तहत LCR और NSFR की न्यूनतम आवश्यकताओं को घटाकर 80% कर दिया गया था।
Kuwait International Bank (KIB) के चेयरमैन शेख मोहम्मद जराह अल-सबाह ने कहा कि कुवैत के बैंकिंग सेक्टर की वित्तीय स्थिति बहुत मजबूत है, जो देश की अर्थव्यवस्था के लिए एक बड़ा सहारा है। वहीं, National Bank of Kuwait (NBK) के ग्रुप सीईओ इसम अल-सगर ने बताया कि उनके बैंक का बिजनेस मॉडल अलग-अलग क्षेत्रों में फैला हुआ है, जिससे क्षेत्रीय तनाव का असर उनके कामकाज पर कम पड़ा।
प्रमुख बैंकों का प्रदर्शन
कुवैत के अलग-अलग बैंकों के मुनाफे और प्रदर्शन का ब्यौरा नीचे दी गई टेबल में है:
| बैंक का नाम | मुनाफा / प्रदर्शन |
|---|---|
| Kuwait Finance House (KFH) | 176.5 मिलियन दीनार (सबसे ज्यादा मुनाफा) |
| National Bank of Kuwait (NBK) | 135.5 मिलियन दीनार |
| Commercial Bank of Kuwait | 24.01 मिलियन दीनार |
| Kuwait International Bank (KIB) | 8 मिलियन दीनार (10% की बढ़त) |
| Burgan Bank | 5.1 मिलियन दीनार (52.2% की गिरावट) |
| Ahli United Bank (ABK) | 15.7% मुनाफे की बढ़त (सबसे तेज ग्रोथ) |
| Warba Bank | 13.8% मुनाफे की बढ़त |
हालिया खबरों की बात करें तो 25 मई 2026 को यह खबर आई थी कि कुवैत के नौ बैंक सरकारी डिपॉजिट के करीब 110 मिलियन दीनार के लिए आपस में मुकाबला कर रहे थे। इसमें दो विदेशी शाखाएं भी शामिल थीं, जिससे यह पता चलता है कि बैंकों के बीच फंड जुटाने की होड़ मची हुई है।