कुवैत में समुद्री रास्तों से माल ढुलाई में आ रही दिक्कतों को देखते हुए सरकार और अल-मवाशी (Al-Mawashi) कंपनी ने आपातकालीन योजना लागू कर दी है. अब देश में जिंदा भेड़ों का आयात समुद्र की जगह हवाई और सड़क मार्ग से किया जा रहा है. इसके साथ ही वाणिज्य मंत्रालय ने देश से सभी खाद्य पदार्थों के निर्यात पर पूरी तरह से रोक लगा दी है. यह कदम इसलिए उठाया गया है ताकि स्थानीय बाज़ार में खाने-पीने की कोई कमी न हो और प्रवासियों को किसी भी तरह की महंगाई का सामना न करना पड़े.

आपातकालीन योजना: अब सड़क और हवाई रास्ते से आएगा स्टॉक

कुवैत की लाइवस्टॉक ट्रांसपोर्ट एंड ट्रेडिंग कंपनी ने आधिकारिक तौर पर अपनी इमरजेंसी योजना शुरू करने की जानकारी दी है. समुद्री रास्तों में चल रही बाधाओं के कारण अब भेड़ों को लैंड और एयर पोर्ट के जरिए कुवैत लाया जा रहा है. कंपनी ने साफ किया है कि इस बदलाव से बाज़ार में मीट की सप्लाई में कोई रुकावट नहीं आएगी. स्टॉक पूरी तरह से सुरक्षित है और स्थानीय बाज़ारों की जरूरतें बिना किसी परेशानी के पूरी की जा रही हैं.

कुवैत सरकार का बड़ा फैसला: फूड एक्सपोर्ट पर लगी रोक

खाद्य सुरक्षा को मजबूत रखने के लिए वाणिज्य और उद्योग मंत्री ओसामा बुदई ने कड़े निर्देश जारी किए हैं. देश में खाने-पीने की चीजों का सही स्टॉक बनाए रखने के लिए सरकार ने कुछ नए नियम लागू किए हैं:

  • मिनिस्ट्रियल डिसीजन नंबर (20) 2026 के तहत कुवैत से सभी खाद्य पदार्थों के निर्यात पर बैन लगा दिया गया है.
  • अब बिना मंत्रालय की पूर्व लिखित अनुमति के किसी भी फूड आइटम को देश के बाहर नहीं भेजा जा सकेगा.
  • नियम तोड़ने वालों पर डिक्री-लॉ नंबर (10) 1979 के तहत सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी.
  • कस्टम विभाग और उपभोक्ता संरक्षण विभाग ने सभी बॉर्डर पर चेकिंग तेज कर दी है.

आम लोगों और प्रवासियों के लिए कीमतों पर क्या असर होगा?

लॉजिस्टिक बदलावों के बीच दुकानदारों की मनमानी रोकने के लिए सरकार ने सभी जरूरी खाद्य पदार्थों की कीमतें फिक्स कर दी हैं. कमर्शियल कंट्रोल की टीमों ने कोआपरेटिव सोसाइटी और बाज़ारों का निरीक्षण किया है. इस जांच में यह पाया गया कि कीमतों में कोई बढ़ोतरी नहीं हुई है और दुकानदार तय लिस्ट के अनुसार ही सामान बेच रहे हैं. इसके अलावा कुवैत के 92 फूड डिस्ट्रीब्यूशन सेंटर्स पर राशन और जरूरी सामान का पूरा स्टॉक मौजूद है. कुवैत में रहने वाले भारतीयों और अन्य प्रवासियों को इससे परेशान होने की जरूरत नहीं है, सरकार ने हर स्थिति से निपटने के लिए पूरी व्यवस्था कर रखी है.

Aanya

Aanya is Ex IndiaTV Journalist. She covers Expats oriented news, views and interviews With deep understanding of what Hindi Speaking people needs as updates in daily life to avoid fines, comply rules and stay updated.