कुवैत के विदेश मंत्री शेख जराह जाबेर अल-अहमद अल-सबाह इन दिनों क्षेत्रीय सुरक्षा को लेकर काफी सक्रिय हैं। उन्होंने सऊदी अरब, अमेरिका और बहरीन के विदेश मंत्रियों से फोन पर लंबी बात की है। यह पूरी हलचल ऐसे समय में हो रही है जब कुवैत की सीमा पर ड्रोन हमले की खबरें सामने आई हैं।

कुवैत और सऊदी अरब के बीच क्या हुई बातचीत?

कुवैत के विदेश मंत्री ने सऊदी अरब के विदेश मंत्री प्रिंस फैसल बिन फरहान से कई बार फोन पर चर्चा की। 20 और 21 अप्रैल 2026 को हुई इन बातचीत में इलाके में शांति और स्थिरता बनाए रखने पर जोर दिया गया। दोनों देशों ने सुरक्षा बढ़ाने के लिए मिलकर काम करने और कूटनीतिक कोशिशों को तेज करने पर सहमति जताई। इससे पहले 1 और 14 अप्रैल को भी दोनों नेताओं के बीच द्विपक्षीय रिश्तों को मजबूत करने पर बात हुई थी।

अमेरिका और बहरीन के साथ किन मुद्दों पर हुई चर्चा?

क्षेत्रीय तनाव को देखते हुए शेख जराह ने 25 अप्रैल को अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो से फोन पर बात की। इस कॉल में अंतरराष्ट्रीय सुरक्षा को मजबूत करने और आपसी तालमेल बढ़ाने पर चर्चा हुई। वहीं 24 अप्रैल को उन्होंने बहरीन के विदेश मंत्री अब्दुल्लातीफ बिन राशिद अल ज़यानी से भी बात की। इस चर्चा में क्षेत्रीय सुरक्षा और स्थिरता के लिए किए जा रहे प्रयासों की समीक्षा की गई।

कुवैत की सीमा पर ड्रोन हमले का क्या है मामला?

रिपोर्ट्स के अनुसार 24 अप्रैल 2026 को इराक की तरफ से आए ड्रोन ने कुवैत के बॉर्डर पोस्ट को निशाना बनाया। इस घटना के बाद कुवैत ने एक बार फिर संयुक्त राष्ट्र चार्टर के प्रति अपनी प्रतिबद्धता जताई है। सीमा पर हुए इस हमले के कारण ही कुवैत सरकार अब अमेरिका और अन्य खाड़ी देशों के साथ सुरक्षा समन्वय को और मजबूत करने में जुटी है।