Kuwait के State Security Department और Court of Felony Crimes ने 12 आरोपियों के खिलाफ अपना फैसला सुनाया है. कोर्ट ने कई लोगों को जेल भेज दिया है, जबकि कुछ को बरी कर दिया गया है. यह कार्रवाई प्रतिबंधित संगठनों से जुड़े होने और देश की सुरक्षा से जुड़े नियमों के उल्लंघन के मामले में की गई है.
किन आरोपियों को कितनी सजा मिली?
- एक नागरिक को कोर्ट ने 10 साल की जेल की सजा सुनाई है.
- एक अन्य आरोपी को 5 साल की जेल मिली है.
- दो नागरिकों को प्रतिबंधित संगठन Hezbollah से जुड़ने के आरोप में 3-3 साल की सजा सुनाई गई है.
- एक और नागरिक को 5 साल और एक महिला नागरिक को 3 साल की जेल हुई है.
- कुल 12 आरोपियों में से 7 लोगों को सजा मिली, 2 को सजा से छूट मिली और 3 लोगों को कोर्ट ने बरी कर दिया.
Kuwait की अदालतों का सख्त रुख और हालिया कार्रवाई
Kuwait की अदालतें इन दिनों राष्ट्रीय सुरक्षा और प्रतिबंधित संगठनों के प्रति बहुत सख्त हैं. May 8, 2026 को Criminal Court ने सोशल मीडिया पर सांप्रदायिक नफरत फैलाने के आरोप में 17 लोगों को 3 साल की कड़ी जेल की सजा सुनाई थी. इसी मामले में एक ट्वीट करने वाले को 10 साल की सजा मिली और दो प्रवासियों को देश से डिपोर्ट करने का आदेश दिया गया.
कोर्ट ने स्पष्ट किया है कि प्रतिबंधित संगठनों का समर्थन करना या उनकी तारीफ करना देश की स्थिरता के लिए सीधा खतरा है. साथ ही, Public Prosecution ने जासूसी और राज्य सुरक्षा से जुड़े मामलों में गोपनीय जांच शुरू की है. जजों का कहना है कि सोशल मीडिया पर ऐसी सामग्री डालना जो राष्ट्रीय एकता को कमजोर करे या समाज में division पैदा करे, उसे बर्दाश्त नहीं किया जाएगा.
Frequently Asked Questions (FAQs)
प्रतिबंधित संगठन से जुड़ने पर Kuwait कोर्ट ने क्या सजा सुनाई है?
हालिया फैसलों में आरोपियों को उनके अपराध की गंभीरता के आधार पर 3 साल से लेकर 10 साल तक की जेल की सजा सुनाई गई है.
सोशल मीडिया पोस्ट पर Kuwait सरकार का क्या स्टैंड है?
कोर्ट के अनुसार सोशल मीडिया पर सांप्रदायिक उकसावा या प्रतिबंधित समूहों का समर्थन करना अपराध है, जिसके लिए जेल और प्रवासियों के मामले में डिपोर्ट की कार्रवाई की जा रही है.