Kuwait के क्राउन प्रिंस Sheikh Sabah Al-Khaled Al-Hamad Al-Sabah जेद्दा पहुंचे। उन्होंने वहां एक खास समिट में हिस्सा लिया। इस मीटिंग में खाड़ी देशों के बड़े नेताओं ने मिलकर इलाके की सुरक्षा और ईरान की चुनौतियों पर बात की।
जेद्दा समिट में कौन-कौन से बड़े नेता शामिल हुए?
इस मीटिंग की मेजबानी Saudi Arabia ने की। वहां Crown Prince Mohammed bin Salman ने Kuwait के क्राउन प्रिंस का स्वागत किया और समिट की अध्यक्षता की। इस हाई-लेवल मीटिंग में कई और बड़े नेता भी शामिल हुए:
- Bahrain: राजा Hamad bin Isa Al-Khalifa
- Qatar: अमीर Sheikh Tamim bin Hamad Al-Thani
- UAE: डिप्टी पीएम Sheikh Abdullah bin Zayed Al-Nahyan (जो राष्ट्रपति की तरफ से आए थे)
- GCC: सेक्रेटरी जनरल Jassim Mohamed Al-Budaiwi
Kuwait के क्राउन प्रिंस इस समिट में अपने अमीर Sheikh Meshaal Al-Ahmad Al-Jaber Al-Sabah की तरफ से प्रतिनिधि बनकर पहुंचे थे। उनके साथ सऊदी अरब में कुवैत के राजदूत Sheikh Sabah Nasser Al-Sabah भी मौजूद रहे।
मीटिंग में ईरान और सुरक्षा को लेकर क्या बातें हुईं?
यह समिट 28 अप्रैल 2026 को हुई। इसमें मुख्य रूप से इलाके की सुरक्षा, समुद्र में स्थिरता और इंफ्रास्ट्रक्चर को बचाने पर चर्चा हुई। नेताओं ने ईरान और उसके साथियों द्वारा किए गए हमलों की कड़ी निंदा की।
खास तौर पर उन मिसाइल हमलों पर बात हुई जो आम लोगों और सरकारी इमारतों को निशाना बना रहे थे। साथ ही Strait of Hormuz में जहाजों की आवाजाही में आने वाली दिक्कतों पर भी चिंता जताई गई। सभी सदस्य देशों ने यह बात साफ की कि वे अपनी संप्रभुता और सुरक्षा की रक्षा के लिए जवाबी कार्रवाई करने का पूरा हक रखते हैं।
इस मीटिंग का मकसद आपसी मतभेदों को भुलाकर एक साथ खड़ा होना था ताकि किसी भी बाहरी खतरे का मुकाबला किया जा सके।
Frequently Asked Questions (FAQs)
यह समिट कहां और कब हुई?
यह खास समिट 28 अप्रैल 2026 को Saudi Arabia के जेद्दा शहर में हुई। इसमें GCC देशों के शीर्ष नेताओं ने हिस्सा लिया।
समिट में ईरान को लेकर क्या फैसला लिया गया?
नेताओं ने ईरान द्वारा किए गए मिसाइल हमलों की निंदा की। उन्होंने कहा कि सदस्य देश अपनी संप्रभुता और सुरक्षा की रक्षा के लिए जवाबी कार्रवाई करने का अधिकार रखते हैं।